Justice Yashwant Verma:
नई दिल्ली, एजेंसियां। केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि जस्टिस यशवंत वर्मा के खिलाफ संसद के इसी मानसून सत्र में महाभियोग प्रस्ताव लाया जाएगा। प्रस्ताव लाने के लिए 100 से ज्यादा सांसदों ने पहले ही एक नोटिस पर हस्ताक्षर किए हैं, जो लोकसभा में महाभियोग प्रस्ताव लाने की जरूरी सीमा से ज्यादा हैं।
100 सांसदों ने किये हस्ताक्षरः
रविवार को सर्वदलीय बैठक के बाद रिजिजू ने कहा- हस्ताक्षर प्रक्रिया चल रही है और यह पहले ही 100 से ज्यादा हो चुकी है। प्रस्ताव कब पेश किया जाएगा यह कार्य मंत्रणा समिति (कार्यदलों का ग्रुप जो अपने-अपने सदनों में एजेंडा को अंतिम रूप देता है) को तय करना है।
न्यायपालिका में भ्रष्टाचार गंभीर मामलाः
उन्होंने कहा- न्यायपालिका में भ्रष्टाचार एक अत्यंत संवेदनशील और गंभीर मामला है, क्योंकि न्यायपालिका ही वह जगह है जहां लोगों को न्याय मिलता है। अगर न्यायपालिका में भ्रष्टाचार है, तो यह सभी के लिए एक गंभीर चिंता का विषय है। इसलिए यशवंत वर्मा को हटाने के प्रस्ताव पर सभी राजनीतिक दलों के हस्ताक्षर होने चाहिए।
जस्टिस वर्मा के धर से मिले थे जले नोटः
दरअसल, जस्टिस वर्मा के लुटियंस स्थित बंगले पर 14 मार्च की रात 11:35 बजे आग लगी थी। इसे अग्निशमन विभाग के कर्मियों ने बुझाया था। घटना के वक्त जस्टिस वर्मा शहर से बाहर थे। 21 मार्च को कुछ रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि जस्टिस वर्मा के घर से 15 करोड़ कैश मिला था। काफी नोट जल गए थे।
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