Hindu wedding dates 2025: 18 नवंबर से बजने लगेगी शहनाई, जानिये विवाह की शुभ तिथियां

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Hindu wedding dates 2025:

रांची। भारत में शादी केवल दो लोगों का मिलन नहीं, बल्कि परिवारों और समाज का भी विशेष अवसर होता है। शादी की तारीख का चुनाव शुभ मुहूर्त के अनुसार किया जाता है, ताकि नवविवाहित जोड़े का जीवन खुशहाल और समृद्ध रहें। करीब 142 दिनों बाद फिर शहनाई की धुन सुनाई देनेवाली है। देश में 18 नवंबर से फिर शहनाई बजने लगेगी। यानी विवाह के लग्न शुरू हो जायेंगे। पंचांग और ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, नवंबर और दिसंबर 2025 में शादी के लिए कुछ विशेष शुभ तिथियां हैं, जो दांपत्य जीवन में सुख-शांति और समृद्धि के लिए शुभ हैं। आइए जानते हैं साल 2025 के नवंबर और दिसंबर महीने के शुभ मुहूर्त के बारे में।

142 दिन का इंतजार होगा खत्मः

माना जा रहा है कि जुलाई से शुरू हुए चातुर्मास के कारण पिछले लगभग 142 दिनों से शादी-विवाह जैसे मांगलिक कार्यों पर रोक लगी हुई है। भगवान विष्णु के योग निद्रा से जागने के बाद ही शुभ कार्य फिर से शुरू होंगे। इस वर्ष देवउठनी एकादशी 01 नवंबर 2025 को पड़ रही है, जिसके बाद से विवाह की शुरुआत होगी।

नवंबर 2025: बंपर मुहूर्त, 13 दिन बजेगी शहनाईः

साल 2025 का नवंबर महीना विवाह के लिए बेहद शुभ रहने वाला है। देवउठनी एकादशी के तुरंत बाद ही शुभ मुहूर्त शुरू हो जाएंगे और इस महीने में कुल 13 शुभ विवाह की तिथियां मिल रही हैं।
नवंबर 2025 के शुभ विवाह मुहूर्तः

2 नवंबर 2025
3 नवंबर 2025
5 नवंबर 2025
8 नवंबर 2025
12 नवंबर 2025
13 नवंबर 2025
16 नवंबर 2025
17 नवंबर 2025
18 नवंबर 2025
21 नवंबर 2025
22 नवंबर 2025
23 नवंबर 2025
25 नवंबर 2025
30 नवंबर 2025

दिसंबर 2025: केवल 3 दिन मिलेंगे शुभ मुहूर्त

नवंबर के मुकाबले दिसंबर में विवाह के शुभ मुहूर्त बेहद कम हैं। पंचांग के अनुसार, साल के आखिरी महीने दिसंबर 2025 में विवाह के लिए सिर्फ 3 शुभ मुहूर्त उपलब्ध हैं।

दिसंबर 2025 के शुभ विवाह मुहूर्तः
4 दिसंबर 2025
5 दिसंबर 2025
6 दिसंबर 2025
शादी के लिए शुभ मुहूर्त क्यों जरूरी होता है?

विवाह को एक नए जीवन की शुरुआत माना जाता है। ज्योतिष के अनुसार, हर समय (मुहूर्त) में ग्रहों और नक्षत्रों की स्थिति अलग-अलग होती है, जिसका मानव जीवन पर गहरा प्रभाव पड़ता है। शुभ मुहूर्त वह समय होता है, जब ग्रह-नक्षत्रों की ऊर्जा वर और वधू के लिए सबसे अनुकूल होती है। माना जाता है कि शुभ समय में किया गया विवाह नवदंपति को देवताओं का आशीर्वाद दिलाता है और उनके जीवन में सकारात्मकता, सौभाग्य और समृद्धि लाता है।

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