Low hemoglobin health risks
नई दिल्ली, एजेंसियां। शरीर में हीमोग्लोबिन का सही स्तर बनाए रखना बेहद जरूरी है। हीमोग्लोबिन खून के जरिए शरीर के हर अंग तक ऑक्सीजन पहुंचाने का काम करता है। इसकी कमी होने पर एनीमिया की समस्या होती है, लेकिन अब रिसर्च में सामने आया है कि कम हीमोग्लोबिन दिल के लिए भी गंभीर खतरा बन सकता है। खासकर वे लोग जो पहले से हार्ट की बीमारी से जूझ रहे हैं, उनके लिए यह स्थिति जानलेवा साबित हो सकती है।
रिसर्च में क्या सामने आया
यूनिवर्सिटी ऑफ मिनेसोटा मेडिकल स्कूल की एक स्टडी के मुताबिक, जिन लोगों में हीमोग्लोबिन का स्तर कम होता है, उनमें हार्ट अटैक और हार्ट फेल्योर का खतरा ज्यादा देखा गया। रिसर्च में करीब 10 हजार लोगों को शामिल किया गया, जिनमें एनीमिया और दिल से जुड़ी समस्याएं दोनों पाई गईं। अध्ययन में यह बात सामने आई कि कम हीमोग्लोबिन के कारण दिल को शरीर में ऑक्सीजन पहुंचाने के लिए सामान्य से ज्यादा मेहनत करनी पड़ती है। इससे हार्ट की मांसपेशियों और नसों पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है, जो समय के साथ हार्ट फेल्योर का कारण बन सकता है।
हार्ट मरीजों में बढ़ता है मौत का जोखिम
स्टडी के अनुसार, हार्ट फेल्योर के मरीजों में अगर एनीमिया भी मौजूद हो तो स्थिति और गंभीर हो जाती है। प्रोफेसर डॉ. इंदर एस. आनंद के मुताबिक, ऐसे मरीजों में मौत का खतरा करीब 30 प्रतिशत तक बढ़ जाता है, जबकि अस्पताल में भर्ती होने का जोखिम 40 प्रतिशत तक बढ़ सकता है। हालांकि यह जोखिम हर मरीज में समान नहीं होता, लेकिन सावधानी बेहद जरूरी है।
कितना होना चाहिए हीमोग्लोबिन लेवल
* महिलाओं में: कम से कम 12 g/dL
* पुरुषों में: कम से कम 13 g/dL
बचाव के उपाय
हीमोग्लोबिन की नियमित जांच कराना जरूरी है। आयरन, फोलिक एसिड और विटामिन B12 की कमी को दूर करें। डॉक्टर की सलाह पर आयरन सप्लीमेंट लें और हरी सब्जियां, दालें, गुड़, चुकंदर जैसे आयरन युक्त खाद्य पदार्थों को डाइट में शामिल करें। समय रहते ध्यान दिया जाए तो दिल को होने वाले गंभीर नुकसान से बचा जा सकता है।
