भागलपुर, एजेंसियां। बिहार में अंग क्षेत्र के नाम से विख्यात भागलपुर ने एक बार फिर से इतिहास रचते हुए दुनिया की सबसे बड़ी सैंड पोर्ट्रेट (रेत की कलाकृति) बनाई है। यह कलाकृति भगवान श्रीराम की दिव्य छवि को उकेरते हुए लाजपत पार्क मैदान में तैयार की गई। इस अवसर पर 5 लाख दीप जलाकर भव्य आरती का आयोजन किया गया, जिसमें पूरा मैदान ‘जय श्रीराम’ के जयकारों से गूंज उठा।
रेत से बनी श्रीराम की भव्य छवि
भागलपुर के स्थानीय कलाकारों ने चार दिनों की मेहनत के बाद भगवान श्रीराम का 100/60 फीट का विशाल सैंड पोर्ट्रेट तैयार किया। इस कलाकृति में श्रीराम के आदर्श और मर्यादा की प्रतीक दिव्य छवि को रेत से उकेरा गया। यह सैंड पोर्ट्रेट अब दुनिया का सबसे बड़ा सैंड आर्ट बन चुका है और इसने भागलपुर को एक बार फिर धार्मिक और सांस्कृतिक मानचित्र पर प्रमुख स्थान दिला दिया है।
5 लाख दीपों से श्रीराम की आरती
इस ऐतिहासिक अवसर पर 5 लाख दीप जलाकर सामूहिक रूप से भगवान श्रीराम की आरती की गई। इसके साथ ही भंडारा और स्वदेशी मेले का आयोजन भी किया गया, जिसमें हजारों श्रद्धालुओं ने भाग लिया और प्रभु श्रीराम के प्रति अपनी आस्था व्यक्त की। इस धार्मिक आयोजन ने भागलपुर वासियों को एकजुट किया और पूरे शहर को भक्ति और श्रद्धा से सराबोर कर दिया।
गिनीज बुक में नाम दर्ज
इससे पहले, पिछले साल भी भागलपुर में 5 लाख से अधिक दीपों से श्रीराम की विशाल कलाकृति बनाई गई थी, जिसे गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज किया गया था। इस बार भी भारतीय नववर्ष के पावन अवसर पर इस भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसने भारतीय संस्कृति और परंपराओं को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने का कार्य किया।
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