Stock market: लाल निशान पर खुला शेयर बाजार, डॉलर के मुकाबले रुपया मजबूत

Anjali Kumari
3 Min Read

Stock market

मुंबई, एजेंसियां। हफ्ते के पहले कारोबारी दिन सोमवार को भारतीय शेयर बाजार की शुरुआत कमजोरी के साथ हुई। शुरुआती कारोबार में बिकवाली के दबाव के चलते प्रमुख सूचकांक लाल निशान में चले गए। 30 शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स 374.43 अंक या 0.45 प्रतिशत गिरकर 83,195.92 के स्तर पर आ गया, जबकि एनएसई निफ्टी 139.80 अंक या 0.54 प्रतिशत फिसलकर 25,554.55 पर कारोबार करता दिखा। हालांकि, शेयर बाजार की गिरावट के बीच भारतीय रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 6 पैसे मजबूत होकर 90.72 पर पहुंच गया।

ब्लू-चिप शेयरों में बिकवाली से दबाव

बाजार की कमजोरी की सबसे बड़ी वजह दिग्गज ब्लू-चिप कंपनियों में आई तेज बिकवाली रही। खासतौर पर रिलायंस इंडस्ट्रीज और आईसीआईसीआई बैंक के शेयरों में गिरावट ने बाजार की धारणा को कमजोर किया। इसके अलावा विदेशी निवेशकों की लगातार बिकवाली और वैश्विक स्तर पर टैरिफ को लेकर बनी अनिश्चितता ने निवेशकों को सतर्क बना दिया है।

ICICI बैंक और रिलायंस रहे गिरावट के बड़े कारण

आईसीआईसीआई बैंक के शेयरों में करीब 3 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। दिसंबर तिमाही में बैंक का समेकित मुनाफा 2.68 प्रतिशत घटकर 12,537.98 करोड़ रुपये रहा, जिसकी वजह आरबीआई के निर्देश पर किया गया 1,283 करोड़ रुपये का अतिरिक्त प्रावधान बताया गया।

वहीं, रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयर 2 प्रतिशत से ज्यादा टूट गए। कंपनी का तीसरी तिमाही का शुद्ध लाभ 18,645 करोड़ रुपये पर लगभग स्थिर रहा। गैस उत्पादन में गिरावट और रिटेल बिजनेस की कमजोरी ने निवेशकों को निराश किया।

FII की बिकवाली और वैश्विक संकेत

एक्सचेंज आंकड़ों के मुताबिक, शुक्रवार को विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) ने 4,346.13 करोड़ रुपये के शेयर बेचे, जबकि घरेलू संस्थागत निवेशकों (DII) ने 3,935.31 करोड़ रुपये की खरीदारी की। विशेषज्ञों का मानना है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की संभावित टैरिफ घोषणाओं और भू-राजनीतिक तनाव के कारण वैश्विक बाजारों में अनिश्चितता बनी हुई है।

एशियाई बाजारों का मिला-जुला रुख

एशियाई बाजारों में भी मिला-जुला कारोबार देखने को मिला। कोस्पी और शंघाई कंपोजिट में बढ़त रही, जबकि जापान का निक्केई और हांगकांग का हैंग सेंग गिरावट में रहे। ब्रेंट क्रूड ऑयल मामूली बढ़त के साथ 64.23 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार करता दिखा।कुल मिलाकर, कमजोर तिमाही नतीजों और वैश्विक संकेतों के चलते बाजार में फिलहाल सतर्कता का माहौल बना हुआ है।

Share This Article