iPhone 17 Pro Max:
नई दिल्ली, एजेंसियां। Apple का नया iPhone 17 Pro Max लॉन्च होने के बाद से ही चर्चा में रहा, खासकर इसके नए रंग Cosmic Orange को लेकर। हाल ही में सोशल मीडिया पर वायरल हुई तस्वीरों में इस फोन का मेटल फ्रेम गुलाबी (पिंक) रंग में नजर आया, जिससे लोगों में हैरानी और चर्चा फैल गई। कई यूजर्स ने सोचा कि Apple ने चुपचाप नया पिंक वर्जन लॉन्च कर दिया है, जबकि कुछ ने इसे एडिटेड या फेक भी माना।
क्या है असल वजह ?
दरअसल, असली वजह Apple के डिज़ाइन या नए कलर की बजाय फोन की सफाई में है। iPhone 17 Pro Max का बॉडी फ्रेम एनोडाइज्ड एल्युमिनियम (Anodised Aluminium) से बना है। अगर इसे पेर ऑक्साइड बेस्ड क्लीनिंग प्रोडक्ट्स जैसे हाइड्रोजन पेरॉक्साइड या ब्लीच के संपर्क में लाया जाए, तो मेटल की ऊपरी परत के साथ केमिकल रिएक्शन होता है। इसके कारण फोन के साइड मेटल पैनल का रंग बदलकर गुलाबी हो जाता है, जबकि पीछे वाला ग्लास हिस्सा अपना असली नारंगी रंग बनाए रखता है।
Apple Support ने दी स्पष्ट गाइडलाइन
Apple Support ने इस तरह की समस्याओं से बचने के लिए साफ-सफाई की स्पष्ट गाइडलाइन दी है। इसके अनुसार, केवल 70% आइसोप्रोपाइल अल्कोहल वाइप्स, 70% एथिल अल्कोहल वाइप्स या Clorox डिसइंफेक्टिंग वाइप्स का इस्तेमाल करें। फोन की सतह को हल्के हाथों से साफ करें और कभी भी ब्लीच या पेरॉक्साइड वाले प्रोडक्ट्स का उपयोग न करें। किसी भी पोर्ट या ओपनिंग में नमी न जाने दें और फोन को किसी क्लीनिंग लिक्विड में डुबोएं नहीं। सफाई के बाद हमेशा सूखे कपड़े से पोंछें।
इस घटना ने यूजर्स को यह सिखाया कि iPhone की देखभाल और सही क्लीनिंग प्रोडक्ट्स का चुनाव कितना जरूरी है। गलत प्रोडक्ट्स न केवल रंग बदल सकते हैं, बल्कि फोन की दीर्घायु और एस्थेटिक पर भी असर डाल सकते हैं।
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