Cyclone storm:
पुद्दुचेरी, एजेंसियां। चक्रवाती तूफान दित्वाह के मद्देनज़र भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने अलर्ट जारी किया है। अनुमान है कि यह तूफान 30 नवंबर को तमिलनाडु, पुद्दुचेरी और दक्षिण आंध्र प्रदेश के तटों से टकरा सकता है। श्रीलंका में भारी तबाही मचाने के बाद दित्वाह अब भारत की ओर बढ़ रहा है। श्रीलंका में इस तूफान से भारी जान-माल के नुकसान की आशंका है और 40 लोगों की मौत की जानकारी सामने आई है।
तटीय इलाकों में बारिश:
तमिलनाडु के नागपट्टिनम, थूथुकुडी और तटीय इलाकों में बारिश, जलभराव, ऊंची लहरें और तेज हवाएं दर्ज की गई हैं। कई क्षेत्रों में लगातार भारी बारिश से हालात बिगड़ते जा रहे हैं। पुद्दुचेरी में भी प्रशासन ने खतरे को देखते हुए परीक्षाएं रद्द कर दी हैं। तूफान दित्वाह के असर को देखते हुए तमिलनाडु में एनडीआरएफ की आठ टीमें और पुद्दुचेरी में दो टीमें तैनात की गई हैं। कुल 300 से अधिक रेस्क्यू कर्मी, विशेष खोजी कुत्तों के साथ राहत एवं बचाव कार्य के लिए तैयार हैं। टीमें नागपट्टिनम, तिरुवरूर, तंजावुर, कुड्डालोर और कई अन्य संवेदनशील जिलों में तैनात की गई हैं।
PM मोदी ने जनहानि पर दुख जताया:
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने श्रीलंका में हुई जनहानि पर दुख जताया है और भारत ने “ऑपरेशन सागर बंधु” के तहत वहां मानवीय सहायता भेजी है। भारतीय वायुसेना का विमान राहत सामग्री लेकर कोलंबो पहुंच चुका है। तमिलनाडु सरकार ने तूफान के संभावित प्रभाव को देखते हुए चार जिलों में रेड अलर्ट और पांच जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि 30 नवंबर तक तेज हवाएं और भारी बारिश जारी रह सकती हैं।

