BHIM vs UPI Differenc:
नई दिल्ली, एजेंसियां। डिजिटल पेमेंट की दुनिया में अक्सर लोग BHIM और UPI को एक ही चीज समझ लेते हैं, जबकि हकीकत में दोनों अलग-अलग हैं। भुगतान के संदर्भ में ये आपस में जुड़े जरूर हैं, लेकिन इनका मतलब और काम करने का तरीका अलग है। अगर आपके मन में भी BHIM और UPI को लेकर कन्फ्यूजन रहता है, तो यहां इसे आसान भाषा में समझते हैं।
क्या है UPI?
सबसे पहले UPI की बात करें। Unified Payments Interface यानी यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस एक डिजिटल भुगतान तकनीक है, जिसे भारत में कैशलेस लेनदेन को आसान बनाने के लिए तैयार किया गया है। इसे National Payments Corporation of India ने विकसित किया है। UPI, IMPS फ्रेमवर्क पर आधारित है, लेकिन इसमें पैसे भेजने के लिए बैंक अकाउंट नंबर, IFSC कोड या लाभार्थी का नाम डालने की जरूरत नहीं होती। केवल एक वर्चुअल पेमेंट एड्रेस यानी UPI ID के जरिए 24×7 तुरंत पैसा ट्रांसफर किया जा सकता है।
क्या है BHIM?
अब बात करते हैं BHIM की। BHIM यानी भारत इंटरफेस फॉर मनी एक मोबाइल ऐप है, जो UPI तकनीक का इस्तेमाल करता है। इसे साल 2016 में UPI के साथ ही लॉन्च किया गया था। BHIM ऐप को NPCI ने खुद विकसित किया है और इसे UPI का आधिकारिक और सरकारी समर्थित ऐप माना जाता है। BHIM के जरिए आप UPI ID, मोबाइल नंबर या QR कोड से पैसे भेज और मंगा सकते हैं। आसान इंटरफेस और भरोसेमंद सिस्टम के कारण यह खास तौर पर उन यूजर्स के लिए बनाया गया है, जो बिना ज्यादा फीचर्स के सीधा डिजिटल भुगतान करना चाहते हैं।
BHIM और UPI में अंतर?
अगर अंतर को सीधे शब्दों में समझें, तो UPI एक तकनीक या सिस्टम है, जबकि BHIM उसी तकनीक पर काम करने वाला एक ऐप है। Google Pay, PhonePe, Paytm जैसे कई दूसरे ऐप भी UPI तकनीक का ही इस्तेमाल करते हैं। यही वजह है कि आप चाहें तो अपने फोन में एक से ज्यादा UPI ऐप इंस्टॉल कर सकते हैं।
दोनों की लिमिट
अब बात करते हैं लिमिट की। NPCI ने UPI के लिए प्रति ट्रांजैक्शन अधिकतम ₹1 लाख की सीमा तय की है। BHIM ऐप भी इसी नियम का पालन करता है, यानी BHIM से भी एक बार में अधिकतम ₹1 लाख तक का भुगतान किया जा सकता है। आमतौर पर रोजाना की कुल UPI ट्रांजैक्शन लिमिट भी ₹1 लाख तक होती है, हालांकि कुछ बैंकों में यह सीमा थोड़ी अलग हो सकती है।
कुल मिलाकर, अगर आप सिर्फ सुरक्षित और आसान डिजिटल पेमेंट चाहते हैं, तो BHIM आपके लिए सही विकल्प है। वहीं, अगर आपको पेमेंट के साथ अतिरिक्त फीचर्स चाहिए, तो दूसरे UPI ऐप्स का इस्तेमाल किया जा सकता है। लेकिन तकनीक के स्तर पर BHIM और UPI दोनों एक ही सिस्टम का हिस्सा हैं, फर्क सिर्फ इतना है कि एक टेक्नोलॉजी है और दूसरा उस पर चलने वाला ऐप।

