वैदिक पंचांग [Vedic Panchang]

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दिनांक -09 जुलाई 2024
दिन – मंगलवार
विक्रम संवत – 2081
शक संवत -1946
अयन – दक्षिणायन
ऋतु – वर्षा ॠतु
मास – आषाढ
पक्ष – शुक्ल
तिथि – तृतीया सुबह 06:08 तक तत्पश्चात चतुर्थी
नक्षत्र – अश्लेशा सुबह 07:52 तक तत्पश्चात मघा
योग – सिध्दि 10 जुलाई रात्रि 02:27 तक तत्पश्चात व्यतीपात
राहुकाल – शाम 04:04 से शाम 05:44 तक
सूर्योदय-05:14
सूर्यास्त- 06:23
दिशाशूल – उत्तर दिशा मे

व्रत पर्व विवरण-

विनायक चतुर्थी,मंगलवारी चतुर्थी (सुबह 06:08 से 10 जुलाई सूर्योदय तक),व्यतीपात योग [रात्रि 02:27(10 जुलाई 02:27 AM) से 10 जुलाई रात्रि 03:10 (11 जुलाई 03:10 AM)तक]

विशेष – तृतीया को पर्वल खाना शत्रुओं की वृद्धि करने वाला है। (ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंडः 27.29-34)

मंगलवार चतुर्थी

भारतीय समय के अनुसार 09 जुलाई 2024 सुबह 06:08 से 10 जुलाई सूर्योदय तक मंगलवारी चतुर्थी है, इस महा योग पर अगर मंगल ग्रह देव के 21 नामों से सुमिरन करें और धरती पर अर्घ्य देकर प्रार्थना करें,शुभ संकल्प करें तो आप सकल ऋण से मुक्त हो सकते हैं।

मंगल देव के 21 नाम इस प्रकार हैं :-

1) ॐ मंगलाय नमः

2) ॐ भूमि पुत्राय नमः

3 ) ॐ ऋण हर्त्रे नमः

4) ॐ धन प्रदाय नमः

5 ) ॐ स्थिर आसनाय नमः

6) ॐ महा कायाय नमः

7) ॐ सर्व कामार्थ साधकाय नमः

8) ॐ लोहिताय नमः

9) ॐ लोहिताक्षाय नमः

10) ॐ साम गानाम कृपा करे नमः

11) ॐ धरात्मजाय नमः

12) ॐ भुजाय नमः

13) ॐ भौमाय नमः

14) ॐ भुमिजाय नमः

15) ॐ भूमि नन्दनाय नमः

16) ॐ अंगारकाय नमः

17) ॐ यमाय नमः

18) ॐ सर्व रोग प्रहाराकाय नमः

19) ॐ वृष्टि कर्ते नमः

20) ॐ वृष्टि हराते नमः

21) ॐ सर्व कामा फल प्रदाय नमः

ये 21 मन्त्र से भगवान मंगल देव को नमन करें ..फिर धरती पर अर्घ्य देना चाहिए..अर्घ्य देते समय ये मन्त्र बोले :-

भूमि पुत्रो महा तेजा
कुमारो रक्त वस्त्रका
ग्रहणअर्घ्यं मया दत्तम
ऋणम शांतिम प्रयाक्ष्मे

हे भूमि पुत्र!..महा क्यातेजस्वी,रक्त वस्त्र धारण करने वाले देव मेरा अर्घ्य स्वीकार करो और मुझे ऋण से शांति प्राप्त कराओ।

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