Navkar Mahamantra Day:
नई दिल्ली, एजेंसियां। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जैन समुदाय के बीच आयोजित ‘नवकार महामंत्र दिवस’ कार्यक्रम में भारत पर जैन धर्म के प्रभाव को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि भारत की पहचान को सशक्त बनाने में जैन धर्म की भूमिका अमूल्य रही है और इस अनमोल विरासत को सहेजने के लिए सरकार प्रतिबद्ध है। प्रधानमंत्री ने यह भी बताया कि जैन धर्म से जुड़े प्रतीक संसद भवन में भी दिखाई देते हैं, जैसे कि लोकसभा के प्रवेश द्वार पर तीर्थंकर की प्रतिमा, जो ऑस्ट्रेलिया से वापस लाई गई है।
Navkar Mahamantra Day:
पीएम मोदी ने नई संसद भवन का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां सभी 24 तीर्थंकरों की प्रतिमाएं प्रदर्शित की गई हैं, जो जैन धर्म की अहमियत को दर्शाती हैं। उन्होंने यह भी कहा कि जैन धर्म जितना वैज्ञानिक है, उतना ही संवेदनशील भी है और इसके सिद्धांतों में युद्ध, आतंकवाद और पर्यावरण संकट के समाधान भी समाहित हैं।
प्रधानमंत्री ने ‘ज्ञान भारतम मिशन’ की घोषणा की, जिसके तहत प्राचीन धरोहरों को डिजिटल करके आधुनिकता से जोड़ने का प्रयास किया जाएगा। इस मिशन का उद्देश्य भारत की प्राचीनता को संजोते हुए उसे समकालीन संदर्भ में प्रस्तुत करना है।
Navkar Mahamantra Day:
नवकार महामंत्र की महिमा पर बोलते हुए पीएम मोदी ने कहा कि यह केवल आध्यात्मिक नहीं, बल्कि समाज को भी सही दिशा देने वाला मंत्र है, जो आत्मशुद्धि, ध्यान और साधना का प्रतीक है।
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