मदरसा बोर्ड के अध्यक्ष बोले- राज्य सरकार की अनुमति मिलते ही लागू करेंगे
देहरादुन, एजेंसियां। उत्तराखंड के मदरसों में जल्द ही संस्कृति पढ़ाई जा सकती है। इसे राज्य के 400 से ज्यादा मदरसों में ऑप्शनल सब्जेक्ट के तौर पर रखा जाएगा।
मदरसा बोर्ड के अध्यक्ष मुफ्ती शमून ने कहा, ‘राज्य सरकार की अनुमति मिलते ही इसे लागू किया जाएगा। स्टूडेंट्स को अरबी के साथ संस्कृत पढ़ने का मौका मिलता है, तो यह उनके लिए फायदेमंद रहेगा।’
स्टेट वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष ने समर्थन किया:
उत्तराखंड वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष शादाब शम्स ने कहा, मदरसों में संस्कृत की पढ़ाई शुरू करना अच्छा होगा। स्टूडेंट्स के लिए धार्मिक शिक्षा जरूरी है, लेकिन बच्चों को सिर्फ यहीं तक सीमित रखना, उनके भविष्य के साथ खिलवाड़ करना है।
मदरसे हर दिन धार्मिक शिक्षा के लिए एक घंटा रख सकते हैं। पूरा दिन उन्हें कुछ और नहीं सीखने दिया जाएगा, तो वे अपंग हो जाएंगे।’
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