न हथियार लूटा गया है और न ही किसी लड़की या महिला से छेड़छाड़ की गई
रांची। रिम्स में छात्रों व होमगार्ड के बीच हुई मारपीट की घटना पर जांच समिति ने सोमवार को एक रिपोर्ट जारी की। जिसमें 30 अगस्त को जांच समिति के सदस्यों की उपस्थिति में बैठक होने की बात कही गई है।
बैठक की रिकार्डिंग भी की गई है। जिसमें कहा गया है कि स्टेडियम का गेट बंद होने की वजह से विवाद शुरू हुआ था।
छात्रा ने मोबाइल में अपना आईडी कार्ड दिखाया था, जिसे होमगार्ड जवान मानने को तैयार नहीं हुए थे।
बहस के बाद छात्रा स्टेडियम में घुस गई। बाद में स्टेडियम से बाहर निकलने की कोशिश की तो देखा कि गेट बाहर से बंद था।
इससे वह घबरा गई। विवाद के दौरान दोनों पक्षों की ओर से अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया गया। जारी रिपोर्ट में कहा गया है कि मारपीट में दोनों पक्ष के लोग घायल हुए हैं।
दोनों पक्षों के बयान के अनुसार, न तो कोई हथियार लूटा गया है और न ही किसी लड़की या महिला से छेड़छाड़ की गई है।
चिकित्सकों की ओर से सभी जातियों और धर्मों के छात्र शामिल थे। ऐसे में किसी ने जातिसूचक शब्द का इस्तेमाल नहीं किया है।
एफआईआर में जिन डॉक्टरों के नाम दर्ज हैं, वे ड्यूटी पर मौजूद थे। उनके नाम आपातकालीन विभाग में ड्यूटी रोस्टर में दर्ज हैं।
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