Koderma power outage
कोडरमा। कोडरमा जिले में चल रहे मेंटेनेंस और तकनीकी कार्यों के कारण लोगों को गंभीर बिजली संकट का सामना करना पड़ रहा है। 16 दिसंबर से ही कोडरमा थर्मल पावर प्लांट (केटीपीएस) की एक यूनिट से 500 मेगावाट बिजली उत्पादन बंद है, जिससे जिले की बिजली आपूर्ति प्रभावित हुई है। यह स्थिति करीब 35 दिनों तक रहने की संभावना है।
कई इलाकों में बिजली संकट
बता दें केटीपीएस और बिशुनपुर ग्रिड के बीच 132 केवीए कंडक्टर रिप्लेसमेंट का कार्य अब तक पूरा नहीं हो सका है। इसी वजह से कई इलाकों में लगातार बिजली कटौती हो रही है और यह समस्या 1 जनवरी तक बनी रह सकती है। बिजली विभाग का कहना है कि तकनीकी दिक्कतों के बावजूद शहरी क्षेत्रों में 16–17 घंटे और ग्रामीण इलाकों में कम से कम 12 घंटे बिजली देने का प्रयास किया जा रहा है। विभाग को उम्मीद है कि 2 जनवरी से स्थिति सामान्य हो जाएगी।
इससे पहले भी बिजली विभाग ने 10 दिसंबर से 25 दिसंबर तक डोमचांच, मरकच्चो, सतगावां और जयनगर क्षेत्रों में 50 प्रतिशत बिजली आपूर्ति की अधिसूचना जारी की थी, लेकिन मेंटेनेंस कार्य लंबा खिंचने से परेशानी बढ़ गई है। बिजली संकट को लेकर उपायुक्त ऋतुराज की अध्यक्षता में डीवीसी और जेबीवीएनएल अधिकारियों के साथ बैठक भी हुई, जिसमें बताया गया कि कंडक्टर रिप्लेसमेंट और मुख्य ट्रांसफार्मर का अनुरक्षण कार्य 1 जनवरी तक पूरा होने की उम्मीद है।
मेंटेनेंस कार्य के कारण शनिवार को मरकच्चो, सतगावां, डोमचांच, जयनगर और हजारीबाग जिले के चलकुशा प्रखंड में सुबह 9 बजे से शाम 7 बजे तक बिजली आपूर्ति पूरी तरह बंद रहेगी, जिससे आम जनजीवन और व्यापारिक गतिविधियों पर असर पड़ने की आशंका है।
