Jyotindra Prasad last rites: पूर्व विधायक ज्योतिंद्र प्रसाद का गिरिडीह में हुआ अंतिम संस्कार, उमड़ा जनसैलाब

Juli Gupta
2 Min Read

Jyotindra Prasad last rites:

गिरिडीह। गिरिडीह जिले ने मंगलवार को अपने सबसे सादगीपूर्ण और जनसेवा के लिए समर्पित नेता, पूर्व विधायक ज्योतिंद्र प्रसाद को खो दिया। वे लंबे समय से बीमार चल रहे थे और अपने निवास पर उन्होंने अंतिम सांस ली। 1990 में कांग्रेस के टिकट पर गिरिडीह से विधायक चुने गए ज्योतिंद्र प्रसाद को ‘झारखंड का गांधी’ कहा जाता था। उनके निधन से न केवल गिरिडीह बल्कि पूरे झारखंड में शोक की लहर फैल गई है। प्रसाद का जीवन सादगी, ईमानदारी और जनसरोकारों की मिसाल रहा। उन्होंने कभी कोई सरकारी सुविधा नहीं ली, दोपहिया वाहन तक नहीं अपनाया और खपरैल की झोपड़ी में जीवन बिताया। माइका मजदूर आंदोलन के दौरान उन्होंने मजदूरों के साथ सड़क पर रातें बिताईं और पत्नी ने भोजन की व्यवस्था के लिए अपनी बाली तक बेच दी।

अंतिम संस्कार गिरिडीह में किया गया

बुधवार को उनका अंतिम संस्कार गिरिडीह में किया गया, जहां सुबह से ही हजारों लोग अंतिम दर्शन के लिए उमड़ पड़े। पूर्व विधायक लक्ष्मण सोनकर, दिनेश यादव, दीपक उपाध्याय सहित कई राजनीतिक और सामाजिक हस्तियों ने उन्हें श्रद्धांजलि दी। ज्योतिंद्र प्रसाद आजीवन पारदर्शिता और सच्चाई के प्रतीक बने रहे और उन्होंने राजनीति को सत्ता का साधन नहीं, बल्कि सेवा का माध्यम माना। गिरिडीह की जनता उन्हें केवल एक जनप्रतिनिधि नहीं, बल्कि एक प्रेरणादायक मार्गदर्शक के रूप में याद रखेगी। उनका जीवन आने वाले नेताओं के लिए एक आदर्श है।

इसे भी पढ़ें

Fish Venkat: 53 की उम्र में साउथ एक्टर फिश वेंकट ने दुनिया को कहा अलविदा, किडनी फेल होने से हुआ निधन


Share This Article
कोई टिप्पणी नहीं