Ansh and Anshika Case
रांची। रांची के धुर्वा थाना क्षेत्र स्थित मल्लार कोचा मौसीबाड़ी से गायब हुए बच्चों को अपहरणकर्ता दंपती मिर्जापुर के गैंग के पास पहुंचाने वाले थे। इसके लिए वे मामले का ठंडा होने का इंतजार कर रहे थे। मौका लगते ही उन्हें बच्चों को मिर्जापुर गैंग को सौंपना था। ये खुलाला गिरफ्तार आरोपी नभ खरवार और उसकी पत्नी पूनम कुमारी ने पुलिस के सामने किया है। केस के अनुसंधानकर्ता और वरीय अधिकारी आरोपी दंपती से पूछताछ कर रहे हैं।
आरोपियों ने अपने गिरोह के बारे में दी जानकारी
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार दोनों ने मामले में अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली है। साथ ही अपने गिरोह के बारे में कई अहम जानकारियां दी है। मामले में पूछताछ के लिए पुलिस को पांच दिनों की रिमांड मिली है। शुक्रवार दोपहर को भी रांची पुलिस की टीम बिरसा मुंडा केंद्रीय कारा पहुंची और मानव तस्करी के इस आरोपी दंपती को पूछताछ के लिए अपने साथ ले गयी।
दिया गया सूचनादाता को इनाम
अंश‐अंशिका के मामले में सूचना देने वाले को इनाम दिये जाने की घोषणा की गई थी। इस मामले में रांची के एसएसपी रांकेश रंजन ने कहा कि मैंने खुद सूचना दाता से बात की। उनका सत्यापन कर उनको अंश‐अंशिका की सूचना देने के एवज में चार लाख रुपये का इनाम 15 जनवरी को दिया।
साथ ही पुलिस की ओर से उनको सम्मानित भी किया गया। लेकिन, हमलोग उस सूचना दाता का नाम सार्वजनिक नहीं कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि पुलिस का काम करने का अपना तरीका है। हमलोगों ने पहले ही सूचनादाता का नाम गोपनीय रखनेकी बात कही थी। ऐसे में सूचनादाता की सुरक्षा से हमलोग कतई खिलवाड़ नहीं कर सकते।







