Job fraud case
जौनपुर, एजेंसियां। सरकारी योजनाओं और नौकरी में विकलांग श्रेणी का लाभ पाने की चाह में एक युवक ने हैरान कर देने वाली हरकत कर डाली। जौनपुर जिले में सूरज भास्कर (28) नामक युवक ने जान बूझकर अपना पैर काट लिया और पुलिस व परिजनों को हमले की झूठी कहानी सुना दी। हालांकि, गहन जांच के बाद पुलिस ने इस पूरे मामले का खुलासा कर दिया है और आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया है।
हमले की कहानी निकली झूठी
यह मामला लाइन बाजार थाना क्षेत्र के खलीलपुर गांव का है। पिछले रविवार को पुलिस को सूचना मिली थी कि सूरज भास्कर पर कुछ अज्ञात लोगों ने लाठियों से हमला किया और उसका पैर काटकर फरार हो गए। परिवार की शिकायत के आधार पर पुलिस ने इसे गंभीरता से लिया और हत्या के प्रयास का मामला दर्ज कर जांच शुरू की। करीब चार दिनों तक पुलिस ने इस घटना को एक संगीन अपराध मानते हुए जांच की। इस दौरान लगभग एक दर्जन लोगों से पूछताछ की गई, घटनास्थल की बारीकी से जांच हुई और मेडिकल रिपोर्ट का विश्लेषण किया गया।
जांच में सामने आई सच्चाई
जांच के दौरान पुलिस को कई संदिग्ध बातें नजर आईं। लगातार पूछताछ और मेडिकल साक्ष्यों की जांच में यह स्पष्ट हो गया कि युवक पर किसी बाहरी व्यक्ति ने हमला नहीं किया था। बल्कि, सूरज भास्कर ने खुद ही जानबूझकर अपना पैर काटा था। पुलिस के अनुसार, युवक ने विकलांग व्यक्तियों को मिलने वाली सरकारी सुविधाओं, मेडिकल लाभ और भविष्य में सरकारी नौकरी का फायदा उठाने के लिए खुद को स्थायी रूप से विकलांग बनाने की साजिश रची थी। इस योजना के तहत उसने ग्राइंडर मशीन से अपनी टांग काट ली, जिससे उसकी जान भी गंभीर खतरे में पड़ गई। इसके बाद पुलिस को गुमराह करने के लिए हमले की फर्जी कहानी गढ़ी गई।
पुलिस का बयान
एक पुलिस अधिकारी ने बताया, “जांच में साफ हो गया है कि यह कोई आपराधिक हमला नहीं था। आरोपी ने विकलांगता का झूठा दावा कर सरकारी लाभ हासिल करने के लिए खुद को चोट पहुंचाई। मेडिकल और अन्य सबूत इसकी पुष्टि करते हैं। फिलहाल उसकी हालत स्थिर है और उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा रही है।”
पुलिस ने सूरज भास्कर के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है और पूरे घटनाक्रम की आगे की जांच जारी है। यह मामला सरकारी योजनाओं के दुरुपयोग की एक चौंकाने वाली मिसाल बनकर सामने आया है।








