Trump’s tariff illegal:
वॉशिंगटन, एजेंसियां। डोनाल्ड ट्रंप को उनके टैरिफ फैसलों को लेकर अमेरिकी अदालत से करारा झटका मिला है। यूएस कोर्ट ऑफ अपील्स फॉर द फेडरल सर्किट ने ट्रंप द्वारा लगाए गए अधिकांश टैरिफ को “गैरकानूनी” करार दिया है। कोर्ट ने यह भी कहा कि ट्रंप ने इंटरनेशनल इमरजेंसी इकनॉमिक पॉवर्स एक्ट (IEEPA) के तहत अपनी आपातकालीन शक्तियों का दुरुपयोग किया।
कोर्ट का फैसला:
कोर्ट ने साफ किया कि ट्रंप को दुनिया के हर देश पर मनचाहा टैरिफ लगाने का कोई भी कानूनी अधिकार नहीं है। राष्ट्रपति के पास टैरिफ लगाने की असीमित शक्तियां नहीं हो सकतीं। अक्टूबर तक ट्रंप प्रशासन को सुप्रीम कोर्ट में अपील करने का समय दिया गया है। तत्काल प्रभाव से टैरिफ पर रोक नहीं लगाई गई है, जिससे अमेरिकी अर्थव्यवस्था को अस्थिरता से बचाया जा सके।
ट्रंप की प्रतिक्रिया:
नाराज ट्रंप ने इस फैसले को “देश को बर्बाद करने वाला” बताया और इसे पक्षपातपूर्ण निर्णय करार दिया। व्हाइट हाउस के प्रवक्ता कुश देसाई ने कहा, “ट्रंप ने कानून के अनुसार ही काम किया है और हमें पूरा विश्वास है कि अंततः हम जीतेंगे।” ट्रंप ने IEEPA का इस्तेमाल करते हुए कई देशों पर टैरिफ लगाए थे, जिनमें चीन, ईरान, और नॉर्थ कोरिया शामिल हैं। यह वही कानून है जिसका उपयोग राष्ट्रीय सुरक्षा या आपातकालीन स्थितियों में होता है, न कि सामान्य व्यापार नीतियों को लागू करने के लिए। ट्रंप प्रशासन ने 1971 में रिचर्ड निक्सन द्वारा लागू टैरिफ का उदाहरण देते हुए कोर्ट में बचाव किया था, लेकिन अदालत ने उसे ठुकरा दिया।
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