Open AI पर सात मुकदमे दर्ज, आरोप – ChatGPT ने लोगों को आत्महत्या के लिए उकसाया

Anjali Kumari
2 Min Read

Open AI:

वॉशिंगटन, एजेंसियां। कृत्रिम बुद्धिमत्ता कंपनी ओपनएआई को सात नए मुकदमों का सामना करना पड़ रहा है। आरोप है कि ChatGPT ने उपयोगकर्ताओं को आत्महत्या के लिए उकसाया और मानसिक भ्रम की स्थिति पैदा की। मुकदमों में दावा किया गया है कि जिन लोगों ने आत्महत्या की, उन्हें पहले कोई मानसिक समस्या नहीं थी।

आत्महत्या के लिए उकसाया:

कैलिफोर्निया की अदालतों में दायर मुकदमों में गलत कारण से मौत, आत्महत्या के लिए उकसाना, अनजाने में हत्या और लापरवाही के आरोप शामिल हैं। छह वयस्क और एक किशोर ने मुकदमा दायर किया है। चार पीड़ितों की मौत आत्महत्या से हुई। विशेष रूप से, 17 साल के अमाउरी लेसी ने ChatGPT से मदद मांगी थी, लेकिन मुकदमे के अनुसार चैटबोट ने उसे फांसी का तरीका बताया और उसे डिप्रेशन तथा लत में फंसा दिया। मुकदमे में आरोप है कि यह ओपनएआई और CEO सैमुअल ऑल्टमैन द्वारा सुरक्षा परीक्षण में कटौती और जल्दबाजी में GPT-4O को लॉन्च करने का परिणाम था।

मुकदमे में कहा गया:

कनाडा के एलन ब्रूक्स द्वारा दायर एक अन्य मुकदमे में कहा गया कि ChatGPT ने उनकी कमजोरियों का फायदा उठाकर उन्हें भ्रम और मानसिक आघात में डाला, जिससे आर्थिक और भावनात्मक नुकसान हुआ। सोशल मीडिया विक्टिम्स लॉ सेंटर के अटॉर्नी मैथ्यू पी. बर्गमैन ने आरोप लगाया कि GPT-4O को उपयोगकर्ताओं को भावनात्मक रूप से फंसाने के लिए डिजाइन किया गया था, लेकिन जरूरी सुरक्षा उपायों के बिना ही इसे रिलीज कर दिया गया। ओपनएआई ने अभी तक मुकदमों पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है।

इसे भी पढ़ें

OpenAI Atlas launched: AI ब्राउजर देगा गूगल क्रोम को कड़ी टक्कर


Share This Article