Stock Market
मुंबई, एजेंसियां। हफ्ते के तीसरे कारोबारी दिन बुधवार को भारतीय शेयर बाजार गिरावट के साथ बंद हुआ। वैश्विक बाजारों से मिले-जुले संकेत, साल के अंत की छुट्टियों के कारण कम कारोबार और कमजोर निवेश धारणा का असर घरेलू बाजार पर साफ दिखा। 30 शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स 116.14 अंक यानी 0.14 प्रतिशत टूटकर 85,408.70 के स्तर पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान सेंसेक्स ने 85,738.18 का उच्च और 85,342.19 का निचला स्तर छुआ। वहीं, एनएसई निफ्टी 35.05 अंक या 0.13 प्रतिशत की गिरावट के साथ 26,142.10 पर बंद हुआ, जिससे यह 26,200 के मनोवैज्ञानिक स्तर से नीचे चला गया।
रुपया कमजोर, डॉलर के मुकाबले 16 पैसे टूटा
विदेशी निवेशकों की लगातार बिकवाली और सोने के आयातकों की ओर से डॉलर की बढ़ती मांग के चलते रुपया शुरुआती बढ़त गंवाकर अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 16 पैसे गिरकर 89.79 (अस्थायी) पर बंद हुआ।
सेंसेक्स की कंपनियों का प्रदर्शन
सेंसेक्स की 30 में से इंटरग्लोब एविएशन, सन फार्मा, एशियन पेंट्स, रिलायंस इंडस्ट्रीज, हिंदुस्तान यूनिलीवर और टाटा स्टील के शेयरों में सबसे ज्यादा गिरावट रही। वहीं ट्रेंट, अल्ट्राटेक सीमेंट, मारुति सुजुकी और पावर ग्रिड के शेयर बढ़त के साथ बंद हुए।
एशियाई और यूरोपीय बाजारों का हाल
एशियाई बाजारों में जापान का निक्केई 225 और दक्षिण कोरिया का कोस्पी गिरावट के साथ बंद हुआ, जबकि शंघाई कंपोजिट और हांगकांग का हैंग सेंग सकारात्मक दायरे में रहे। यूरोपीय बाजारों में हल्की बढ़त देखी गई, जबकि अमेरिकी बाजार मंगलवार को मजबूती के साथ बंद हुए थे।
RBI के फैसलों पर निवेशकों की नजर
जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के रिसर्च हेड विनोद नायर के अनुसार, छुट्टियों के कारण बाजार में गतिविधियां सीमित रहीं। उन्होंने उम्मीद जताई कि आरबीआई द्वारा घोषित ओएमओ खरीद और डॉलर-रुपया स्वैप नीलामी से तरलता में सुधार होगा और मुद्रा बाजार को स्थिरता मिलेगी।
कच्चा तेल और निवेशकों की गतिविधि
ब्रेंट क्रूड का भाव 0.18 प्रतिशत बढ़कर 62.49 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया। आंकड़ों के मुताबिक, विदेशी संस्थागत निवेशकों ने 1,794.80 करोड़ रुपये के शेयर बेचे, जबकि घरेलू संस्थागत निवेशकों ने 3,812.37 करोड़ रुपये की खरीदारी की।








