Teaching Assistant Scheme
रांची। झारखंड के सरकारी और निजी विश्वविद्यालयों के अंतर्गत संचालित सभी कॉलेजों और विश्वविद्यालयों के पीजी विभागों में टीचिंग असिस्टेंट स्कीम लागू करने की तैयारी की जा रही है। उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग इस योजना को अप्रैल 2026 से शुरू करने की दिशा में काम कर रहा है। योजना के तहत चयनित विद्यार्थियों को शिक्षण कार्य में सहयोग देने के बदले मासिक प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।
टीचिंग असिस्टेंट के रूप में चयनित विद्यार्थी असाइनमेंट की जांच, डाउट क्लियर करने, लैब वर्क और अन्य शैक्षणिक गतिविधियों में शिक्षकों और जूनियर विद्यार्थियों की सहायता करेंगे। चयन उसी संस्थान में अध्ययनरत विद्यार्थियों में से विषयवार किया जाएगा, ताकि पढ़ाई में बेहतर समन्वय बना रहे।
यूजी विद्यार्थियों को 1500 रुपये और पीजी विद्यार्थियों को 2000 रुपये प्रतिमाह
योजना के तहत यूजी विद्यार्थियों को 1500 रुपये और पीजी विद्यार्थियों को 2000 रुपये प्रतिमाह प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। टीचिंग असिस्टेंट की नियुक्ति एक सेमेस्टर के लिए होगी और प्रति सप्ताह अधिकतम 10 घंटे कार्य करना होगा। अगले सेमेस्टर में नए सिरे से चयन की प्रक्रिया अपनाई जाएगी।
कैसे होगा टीचिंग असिस्टेंट का चयन?
टीचिंग असिस्टेंट का चयन संबंधित विभागाध्यक्ष द्वारा आयोजित स्क्रीनिंग टेस्ट और उत्कृष्ट अकादमिक प्रदर्शन के आधार पर किया जाएगा। संबंधित विषय में टॉप पांच अंक प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों में से चयन होगा। साथ ही, अभ्यर्थी का पूर्व वर्षों में औसतन न्यूनतम 60 प्रतिशत अंक होना आवश्यक है। विद्यार्थी का उसी विषय में द्वितीय वर्ष या उससे ऊपर के सेमेस्टर में अध्ययनरत होना भी अनिवार्य होगा।
विद्यार्थियों की संख्या के आधार पर टीचिंग असिस्टेंट की नियुक्ति
विद्यार्थियों की संख्या के आधार पर टीचिंग असिस्टेंट की नियुक्ति की जाएगी। 20 विद्यार्थियों तक टीचिंग असिस्टेंट नहीं रखे जाएंगे, जबकि 21 से 40 विद्यार्थियों पर एक और 40 से अधिक विद्यार्थियों पर अधिकतम दो टीचिंग असिस्टेंट नियुक्त किए जाएंगे।
सरकारी विश्वविद्यालयों और कॉलेजों में प्रोत्साहन राशि का वहन राज्य सरकार करेगी, जबकि निजी विश्वविद्यालयों और कॉलेजों में इसका खर्च संबंधित संस्थान उठाएंगे। सरकार ने इस योजना पर वार्षिक लगभग 10 करोड़ रुपये के व्यय का अनुमान लगाया है। टीचिंग असिस्टेंट के चयन पर अंतिम स्वीकृति झारखंड स्टेट हायर एजुकेशन काउंसिल द्वारा दी जाएगी।











