Gold-Silver Price
नई दिल्ली, एजेंसियां। सोमवार को घरेलू और अंतरराष्ट्रीय बाजारों में सोने और चांदी की कीमतों ने नया रिकॉर्ड बना लिया। वैश्विक भू-राजनीतिक तनाव, अमेरिकी केंद्रीय बैंक (फेडरल रिजर्व) को लेकर बढ़ती अनिश्चितता और कमजोर डॉलर के बीच निवेशकों ने सुरक्षित विकल्प के तौर पर कीमती धातुओं की ओर रुख किया, जिससे तेज खरीदारी देखने को मिली।
घरेलू बाजार में सोना-चांदी की रिकॉर्ड तेजी
मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर फरवरी डिलीवरी वाला सोना 2,431 रुपये यानी करीब 1.8 फीसदी की तेजी के साथ 1,41,250 रुपये प्रति 10 ग्राम के सर्वकालिक उच्च स्तर पर पहुंच गया। बीते एक सप्ताह में ही सोने की कीमतों में 3,058 रुपये का उछाल दर्ज किया गया है।चांदी में भी जबरदस्त तेजी देखने को मिली। मार्च डिलीवरी वाली चांदी वायदा 11,271 रुपये यानी 4.46 फीसदी बढ़कर 2,63,996 रुपये प्रति किलोग्राम के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई। पिछले एक हफ्ते में चांदी करीब 7 फीसदी मजबूत हुई है।
अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भी नया शिखर
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कॉमेक्स पर फरवरी डिलीवरी वाला सोना 111.8 डॉलर यानी 2.5 फीसदी चढ़कर 4,612.7 डॉलर प्रति औंस के नए शिखर पर पहुंच गया। वहीं, मार्च कॉन्ट्रैक्ट की चांदी 4.56 डॉलर यानी 5.8 फीसदी की तेजी के साथ 83.90 डॉलर प्रति औंस के ऐतिहासिक स्तर पर पहुंच गई।
फेड और भू-राजनीतिक तनाव का असर
बाजार विश्लेषकों के मुताबिक फेडरल रिजर्व की स्वतंत्रता को लेकर बढ़ती चिंताओं ने निवेशकों की बेचैनी बढ़ाई है। फेड चेयरमैन जेरोम पॉवेल ने हाल ही में बताया कि न्याय विभाग ने फेड को समन भेजे हैं, जिससे अनिश्चितता और गहरी हो गई है।
इसके अलावा, ईरान को लेकर बढ़ता तनाव, यूक्रेन युद्ध पर संयुक्त राष्ट्र की आपात बैठक और वैश्विक राजनीतिक जोखिमों ने निवेशकों को सुरक्षित निवेश की ओर मोड़ा। डॉलर इंडेक्स के 99 के आसपास फिसलने से भी सोना-चांदी को अतिरिक्त समर्थन मिला।
आगे क्या संकेत
विशेषज्ञों का मानना है कि जब तक वैश्विक अनिश्चितता बनी रहती है और डॉलर कमजोर रहता है, तब तक सोना और चांदी ऊंचे स्तर पर टिके रह सकते हैं। निवेशकों की नजर अब फेड की आगे की नीति और वैश्विक घटनाक्रम पर टिकी हुई है।








