PhonePe SEBI approval:
नई दिल्ली, एजेंसियां। डिजिटल पेमेंट कंपनी PhonePe ने भारतीय शेयर बाजार में कदम रखने की तैयारी पूरी कर ली है। मार्केट रेगुलेटर सेक्योरिटीज एंड एक्सचेंज बोर्ड ऑफ इंडिया (SEBI) ने कंपनी को आईपीओ (Initial Public Offering) लॉन्च करने की मंजूरी दे दी है। इसके साथ ही निवेशकों के लिए कमाई का बड़ा अवसर खुल गया है।
IPO के जरिए मौजूदा शेयरहोल्डर्स बेच सकते हैं हिस्सेदारी
सूत्रों के मुताबिक, कंपनी ने पिछले साल सितंबर में अपने पब्लिक इश्यू के लिए कॉन्फिडेंशियल रूट के जरिए ड्राफ्ट पेपर्स SEBI में जमा किए थे। रिपोर्ट्स में यह संभावना जताई जा रही है कि वॉलमार्ट, माइक्रोसॉफ्ट, और टाइगर ग्लोबल जैसे मौजूदा निवेशक इस IPO के जरिए अपनी कुछ हिस्सेदारी बेच सकते हैं। इससे निवेशकों को कंपनी में हिस्सेदारी खरीदने का मौका मिलेगा।
डिजिटल पेमेंट्स में PhonePe का दबदबा
PhonePe की शुरुआत 2015 में हुई थी और आज यह भारत के यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (UPI) नेटवर्क पर शीर्ष डिजिटल पेमेंट प्लेटफॉर्म बन चुका है। दिसंबर 2025 तक, प्लेटफॉर्म का ट्रांजैक्शन वॉल्यूम लगभग 45 प्रतिशत मार्केट शेयर तक पहुंच चुका था। कंपनी के ड्राफ्ट पेपर्स में स्पष्ट किया गया है कि डिजिटल पेमेंट्स में ग्रोथ को बनाए रखना कंपनी की प्राथमिकता है।विशेषज्ञों का अनुमान है कि वित्त वर्ष 2025 तक भारत में डिजिटल कंज्यूमर पेमेंट्स का टोटल एड्रेसेबल मार्केट 301 लाख करोड़ रुपये था, जो 2030 तक 602–681 लाख करोड़ रुपये तक बढ़ने की संभावना है।
मजबूत यूजर बेस और व्यापारी नेटवर्क
PhonePe ने नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) के आंकड़ों के मुताबिक, अगस्त 2025 में रिकॉर्ड किए गए कुल 2,160 करोड़ UPI ट्रांजैक्शन में से लगभग 980 करोड़ ट्रांजैक्शन खुद PhonePe के माध्यम से हुए। कंपनी के पास 60 करोड़ से ज्यादा रजिस्टर्ड यूजर्स हैं और यह देश भर में लगभग 5 करोड़ मर्चेंट्स को डिजिटल पेमेंट सॉल्यूशन देती है।
निवेशकों के लिए चेतावनी
विशेषज्ञों का कहना है कि आईपीओ में निवेश में हमेशा जोखिम होता है। निवेशक अपने निर्णय से पहले मार्केट और विशेषज्ञ सलाह को ध्यान में रखें। इस खबर में दी गई जानकारी केवल सूचना के उद्देश्य से है और ABPLive.com किसी को निवेश की सलाह नहीं दे रहा है।








