Vedic Almanac: l वैदिक पंचांग l 01 अगस्त 2025, शुक्रवार l

Anjali Kumari
2 Min Read

Vedic Almanac:

दिनांक – 01 अगस्त 2025
दिन – शुक्रवार
विक्रम संवत 2082
शक संवत -1947
अयन – दक्षिणायन
ऋतु – वर्षा ॠतु
मास – श्रावण
पक्ष – शुक्ल
तिथि – अष्टमी अष्टमी पूर्ण रात्रि तक
नक्षत्र – स्वाती 02 अगस्त रात्रि 03:40 तक तत्पश्चात विशाखा
योग – शुभ 02 अगस्त प्रातः 05:30 तक तत्पश्चात शुक्ल
राहुकाल – सुबह 11:07 से दोपहर 12:45 तक
सूर्योदय – 05:33
सूर्यास्त – 06:16
दिशाशूल – पश्चिम दिशा मे
व्रत पर्व विवरण – अष्टमी वृद्धि तिथि
विशेष – *अष्टमी को नारियल का फल खाने से बुद्धि का नाश होता है (ब्रह्मवैवर्त पुराण ब्रह्म खण्ड: 27,29,34)

चतुर्मास के दिनों में ताँबे व काँसे के पात्रों का उपयोग न करके अन्य धातुओं के पात्रों का उपयोग करना चाहिए।(स्कन्द पुराण)
चतुर्मास में पलाश के पत्तों की पत्तल पर भोजन करना पापनाशक है।

कोई भी ग्रह विपरीत हो तो
नौ ग्रहों में से कोई भी ग्रह किसीको विपरीत हो या कष्टदायी हो रहा हो तो शिवजी की पूजा करने से सब शांत रहते है | सब ग्रहों के स्वामी है शिवजी |

दीर्घायु के लिए
२ ग्राम सौंठ में पानी मिलाकर रात को लोहे की कड़ाही के अंदर लेप करें l प्रातः काल वह सौंठ दूंध में मिलाकर पीने से दीर्घायुश की प्राप्ति होती है l

खोयी हुई आध्यात्मिक शक्ति पुनः प्राप्त करने के लिए
अगर आपने किसी कारण से आध्यात्मिक शक्ति खो दी है तो आसन पर बैठकर ह्रदय में अनाहत चक्र का ध्यान करें l ऋषि विश्वामित्र जी को भी इसी प्रयोग से खोई हुई शक्ति पुनः प्राप्त हुई थी l

इसे भी पढ़े

l वैदिक पंचांग l 31 जुलाई 2025, गुरूवार l


Share This Article
कोई टिप्पणी नहीं