Shivraj Patil death
नई दिल्ली,एजेंसियां। कांग्रेस के दिग्गज नेता और देश के पूर्व केंद्रीय गृह मंत्री शिवराज पाटिल का शुक्रवार सुबह निधन हो गया। 90 वर्षीय पाटिल ने महाराष्ट्र के लातूर स्थित अपने आवास ‘देवघर’ में सुबह लगभग 6:30 बजे अंतिम सांस ली। वह काफी समय से बीमार थे और घर पर ही उनका इलाज चल रहा था। उनके निधन की पुष्टि के बाद लातूर में उनके निवास पर पार्टी कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों की भीड़ जुटने लगी। पुलिस व्यवस्था भी मौके पर तैनात है।
शिवराज पाटिल का पूरा नाम क्या है ?
शिवराज पाटिल का पूरा नाम शिवराज पाटिल चाकुरकर था। उनका राजनीतिक जीवन बेहद समृद्ध और प्रभावशाली रहा। उन्होंने 1973 से 1980 तक महाराष्ट्र विधानसभा के सदस्य के रूप में कार्य किया। इसके बाद 1980 से 1999 तक लगातार सात बार लातूर लोकसभा क्षेत्र से चुनाव जीतकर संसद पहुंचे। वे इंदिरा गांधी सरकार में रक्षा मंत्री रहे और राजीव गांधी सरकार में नागर विमानन मंत्री की जिम्मेदारी निभाई।
उनके राजनीतिक करियर का बड़ा अध्याय कब शुरू हुआ ?
उनके राजनीतिक करियर का बड़ा अध्याय वर्ष 2004 से 2008 के बीच गृह मंत्री के रूप में UPA सरकार के दौरान रहा। 2008 मुंबई आतंकी हमलों के समय वे देश के गृह मंत्री थे। सुरक्षा चूक को लेकर आलोचनाओं के बीच उन्होंने नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए गृह मंत्री पद से इस्तीफा दे दिया। इसके बाद 2010 से 2015 तक वे पंजाब के राज्यपाल और चंडीगढ़ के प्रशासक रहे।उनके परिवार में बेटे शैलेश पाटिल, बहू अर्चना और दो पोतियां हैं। शनिवार को उनके अंतिम संस्कार की संभावना है।
कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने उनके निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है। कांग्रेस सांसद सुखदेव भगत ने कहा कि शिवराज पाटिल एक अनुशासित और व्यवहार कुशल नेता थे, जिनके योगदान को हमेशा याद किया जाएगा।शिवराज पाटिल की राजनीतिक यात्रा जनता के बीच उनकी सादगी, अनुशासन और सेवा भावना के लिए जानी जाती रही है।

















