DK Shivakumar:
बैंगलोर, एजेंसियां। कर्नाटक में मुख्यमंत्री पद को लेकर चल रही रस्साकशी के बीच उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने पहली बार खुलकर प्रतिक्रिया दी है। कनकपुरा में मीडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा कि वह किसी भी स्थिति में पार्टी को “शर्मिंदा या कमजोर” नहीं करना चाहते और हर निर्णय उनके जमीर और पार्टी अनुशासन के अनुरूप होगा। कर्नाटक में पिछले कई महीनों से चर्चा है कि सिद्धारमैया की जगह डीके शिवकुमार को मुख्यमंत्री बनाने की आंतरिक सहमति बनी थी, जिसे लेकर अब विवाद तेज हो गया है।
शिवकुमार ने CM पद को लेकर क्या कहा?
शिवकुमार ने कहा कि सीएम पद पर फैसला कुछ वरिष्ठ नेताओं के बीच का “गोपनीय मामला” है और वह इस पर कोई अनावश्यक टिप्पणी नहीं करेंगे। उन्होंने मुख्यमंत्री सिद्धारमैया को “पार्टी की बड़ी संपत्ति” बताते हुए कहा कि उन्होंने विपक्ष में रहते हुए और वर्तमान कार्यकाल में बेहतरीन काम किया है। साथ ही उन्होंने यह भी याद दिलाया कि सिद्धारमैया खुद कह चुके हैं कि आगामी बजट वही पेश करेंगे।
सत्ता के समीकरणों के सवालों का क्या जवाब दिए?
सत्ता के समीकरणों पर सवाल पूछे जाने पर वे भावुक भी हो गए। उन्होंने कहा कि आज लोग उनके सीएम बनने की प्रार्थना कर रहे हैं, लेकिन वह उन दिनों को नहीं भूल सकते जब भाजपा शासन में उन्हें जेल जाना पड़ा था और आम लोगों ने मंदिरों में उनके लिए दुआएं की थीं। उन्होंने कहा कि समर्थकों की वह भावनाएं उन्हें जिम्मेदार बनाती हैं।हाल ही में कांग्रेस विधायकों के दिल्ली जाने और शिवकुमार को सीएम बनाने की कोशिशों की खबरों पर उन्होंने कहा कि वे किसी को नहीं बुलाते और न ही भेजते। कई नेता मंत्री बनने की इच्छा से दिल्ली गए हैं।
कर्नाटक में सिद्धारमैया और शिवकुमार के बीच 2.5–2.5 साल के फॉर्मूले की चर्चा पुरानी है, जिसे लेकर पार्टी में अंदरूनी तनाव बढ़ा है। अब आलाकमान के फैसले का इंतजार है, जो आने वाले दिनों में कर्नाटक कांग्रेस की दिशा तय करेगा।
