Diabetes and Milk Consumption: क्या डायबिटीज में दूध और दही खा सकते हैं? जानें सही तरीका, सही समय और जरूरी सावधानियां

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Diabetes and Milk Consumption:

नई दिल्ली, एजेंसियां। डायबिटीज़ में दूध और दही को लेकर अक्सर लोगों के मन में भ्रम रहता है कि इनका सेवन करना सुरक्षित है या नहीं। विशेषज्ञों के अनुसार डायबिटीज़ के मरीज दूध और दही दोनों का सेवन कर सकते हैं, लेकिन इसके लिए सही मात्रा, सही समय और सही प्रकार का ध्यान रखना बेहद जरूरी है। दूध और दही का ग्लाइसेमिक इंडेक्स कम होता है, इसलिए ये ब्लड शुगर को तेजी से नहीं बढ़ाते। साथ ही इनमें मौजूद प्रोटीन, कैल्शियम और प्रोबायोटिक्स शरीर को कई तरह से फायदा पहुंचाते हैं।

डायबिटीज में दूध कैसे और कब पिएं?

दूध की बात करें तो इसमें प्राकृतिक शुगर यानी लैक्टोज होती है, लेकिन इसका ग्लाइसेमिक इंडेक्स लगभग 30 से 40 के बीच रहता है, जो डायबिटीज़ मरीजों के लिए सुरक्षित माना जाता है। दूध हड्डियों को मजबूत बनाता है, कमजोरी दूर करता है और लंबे समय तक पेट भरा रखने में मदद करता है। डायबिटीज़ के मरीज दिनभर में करीब 400 से 500 ग्राम दूध ले सकते हैं, लेकिन इसे एक बार में पीने के बजाय दो हिस्सों में बांटना बेहतर होता है। हमेशा लो-फैट या टोंड दूध का ही सेवन करना चाहिए और दूध में चीनी, शहद या कोई भी मीठा पदार्थ नहीं मिलाना चाहिए। दूध सुबह नाश्ते के साथ या रात में सोने से एक-दो घंटे पहले लिया जा सकता है।

डायबिटीज में दही खाना कितना फायदेमंद?

दही डायबिटीज़ मरीजों के लिए और भी ज्यादा फायदेमंद माना जाता है क्योंकि इसमें मौजूद प्रोबायोटिक्स पाचन तंत्र को मजबूत करते हैं और आंतों में अच्छे बैक्टीरिया बढ़ाते हैं। दही से कब्ज, गैस और एसिडिटी जैसी समस्याओं में भी राहत मिलती है, जिससे ब्लड शुगर को नियंत्रित रखने में मदद मिलती है। दही का सेवन सादा और ताजा होना चाहिए और इसमें चीनी बिल्कुल नहीं मिलानी चाहिए। स्वाद और पाचन के लिए इसमें भुना हुआ जीरा या थोड़ा काला नमक मिलाया जा सकता है। एक बार में लगभग एक कटोरी दही पर्याप्त मानी जाती है।

किन लोगों को सावधानी बरतनी चाहिए?

आयुर्वेद के अनुसार दही खाने का सबसे अच्छा समय दिन का होता है, खासकर दोपहर में भोजन के साथ या भोजन के बाद। रात में दही खाने से बचना चाहिए, क्योंकि इससे कफ बढ़ सकता है और पाचन में दिक्कत हो सकती है, खासकर सर्दियों के मौसम में। जिन लोगों को बार-बार ब्लड शुगर बहुत ज्यादा रहता है, पाचन कमजोर है या सर्दी-कफ की समस्या रहती है, उन्हें दूध और दही का सेवन करने से पहले डॉक्टर की सलाह जरूर लेनी चाहिए। कुल मिलाकर, डायबिटीज़ में दूध और दही को पूरी तरह से छोड़ने की जरूरत नहीं है। सही मात्रा, सही समय और सही तरीके से इनका सेवन करने पर ये न सिर्फ सुरक्षित होते हैं, बल्कि डायबिटीज़ को बेहतर तरीके से नियंत्रित करने में भी मदद करते हैं।

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