Delhi blast:
नई दिल्ली, एजेंसियां। दिल्ली ब्लास्ट की जांच में जैसे-जैसे NIA आगे बढ़ रही है, पाकिस्तान से जुड़े बड़े आतंकी नेटवर्क के प्रमाण सामने आ रहे हैं। जांच में यह साफ हो गया है कि धमाकों की साजिश जैश-ए-मोहम्मद और पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI ने मिलकर रची थी। टेरर फंडिंग, लॉजिस्टिक सपोर्ट और महिला मॉड्यूल की सक्रिय भागीदारी का भी खुलासा हुआ है।इस बीच, पाकिस्तान-अधिकृत कश्मीर (PoK) के पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी अनवार-उल-हक ने भी स्वीकार किया है कि दिल्ली धमाकों में पाकिस्तान और ISI की सीधी भूमिका थी। उनके इस बयान ने पाकिस्तान की राजनीति और सुरक्षा एजेंसियों में हलचल मचा दी है।
आसिम मुनीर और शहबाज शरीफ पर बढ़ा दबाव:
हक के कबूलनामे ने विशेष रूप से फील्ड मार्शल आसिम मुनीर और शहबाज शरीफ सरकार पर दबाव बढ़ा दिया है, क्योंकि यह अंतरराष्ट्रीय मंच पर पाकिस्तान की आतंकवाद प्रायोजक छवि को और मजबूत करता है। भारत अब इन नए सबूतों के आधार पर वैश्विक स्तर पर सख्त कार्रवाई की मांग तेज कर सकता है।


















