CM Mamata Banerjee:
कोलकाता, एजेंसियां। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने मंगलवार को SIR (Special Integrated Revision) के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया और BJP पर नागरिकता को लेकर जनता को भ्रमित करने का आरोप लगाया। ममता बनर्जी ने भारत–बांग्लादेश बॉर्डर के पास बनगांव से शुरू रैली को संबोधित किया, जिसके बाद उन्होंने तीन किलोमीटर का बड़ा मार्च निकाला। यह जुलूस ठाकुरनगर के ढाकुरिया स्कूल में समाप्त हुआ। मार्च में टीएमसी कार्यकर्ता नीले-सफेद गुब्बारे और पार्टी झंडे लेकर SIR के खिलाफ नारे लगा रहे थे।
ममता बनर्जी ने कहा:
रैली को संबोधित करते हुए ममता बनर्जी ने कहा कि केंद्र सरकार SIR के नाम पर मतदाताओं की नागरिकता पर सवाल उठा रही है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा,“नरेंद्र मोदी खुद 2024 की वोटर लिस्ट से चुने गए थे। अगर अब वही लिस्ट अवैध है, तो उनकी सरकार भी अवैध हो जाती है।”CM ममता ने मतुआ समुदाय को संबोधित करते हुए कहा कि केंद्र उन्हें यह लिखवाकर कि वे ‘मतुआ समुदाय’ से हैं, यह दिखाना चाहता है कि वे बांग्लादेश से आए हैं।उन्होंने जनभावनाओं को संबोधित करते हुए कहा -“डरने की जरूरत नहीं। जब तक मैं हूं, किसी को यहां से निकाला नहीं जाएगा।”
BJP पर सीधा हमला करते हुए ममता बोलीं:
BJP पर सीधा हमला करते हुए ममता बोलीं -“भाजपा धर्म का कार्ड खेल रही है, नागरिकता बेच रही है और CAA के नाम पर फिर गुमराह कर रही है।”
उन्होंने सवाल उठाया कि यदि ‘बांग्लादेश ही समस्या’ है तो फिर मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश में SIR क्यों?ममता ने एजेंसियों के इस्तेमाल पर भी केंद्र को घेरा-“मेरे साथ गेम मत खेलो। जितना पैसा खर्च करोगे, लोग ले तो लेंगे, लेकिन वोट नहीं देंगे। जनता रोज़गार, सम्मान और लोकतंत्र चाहती है।”
अंत में उन्होंने चुनाव आयोग पर भी सख्त टिप्पणी की – “जिस संस्था को निष्पक्ष होना चाहिए था, उसे BJP कमीशन बना दिया गया है।”ममता का यह मार्च और भाषण पश्चिम बंगाल की राजनीति में SIR को लेकर गरमाता हुआ माहौल दिखाता है।



