Budget 2026:
नई दिल्ली, एजेंसियां। बजट 2026 में पेट्रोल और डीजल को वस्तु एवं सेवा कर (GST) के दायरे में लाने की संभावनाओं पर विशेषज्ञों की राय सामने आ रही है। नीति और बाजार विशेषज्ञ विजय सरदाना ने इस मुद्दे पर विस्तार से बताया कि पेट्रोल और डीजल को GST में लाना व्यवहारिक रूप से चुनौतीपूर्ण हो सकता है।सरदाना ने कहा कि अगर यह लागू होता है, तो पेट्रोल पंपों पर नियमित निरीक्षण और छापेमारी बढ़ सकती है, जिससे भ्रष्टाचार और प्रबंधन संबंधी समस्याएं बढ़ सकती हैं। उनका कहना है कि हालांकि GST के तहत कर संरचना में पारदर्शिता बढ़ सकती है, लेकिन इससे तुरंत कीमतों में कमी की गारंटी नहीं दी जा सकती।
विशेषज्ञों के अनुसार
विशेषज्ञों के अनुसार, यह कदम दीर्घकालिक कर प्रणाली सुधार के लिए सकारात्मक हो सकता है, लेकिन आम जनता पर इसका असर सीधे तौर पर महसूस होने में समय लग सकता है।











