दुनिया के 70 प्रतिशत बाघ भारत में, अपने देश में हैं 3682 [70 percent of the world’s tigers are in India, in our country 3682]

3 Min Read

Tigers:

नई दिल्ली, एजेंसियां। भारत में बाघों की संख्या में लगातार वृद्धि हो रही है, जो बाघ संरक्षण की दिशा में एक बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है।

राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण (एनटीसीए) की रिपोर्ट के अनुसार, वर्ष 2022 में देश में बाघों की कुल संख्या 3,682 दर्ज की गई है। यह आंकड़ा भारत को दुनिया का सबसे बड़ा टाइगर रेंज कंट्री बनाता है।

Tigers: 2006 से अब तक दोगुनी से भी ज्यादा हुई संख्या

जहां 2006 में देश में केवल 1,411 बाघ थे, वहीं 2018 तक यह आंकड़ा 2,967 तक पहुंचा। अब 2022 में यह संख्या बढ़कर 3,682 हो गई है, यानी पिछले 16 सालों में बाघों की संख्या दोगुनी से ज्यादा हो चुकी है। इस वृद्धि के पीछे एक मजबूत संरक्षण रणनीति और बाघों के लिए सुरक्षित आवास क्षेत्रों का निर्माण मुख्य कारण रहे हैं।

Tigers: दुनिया के 70 प्रतिशत बाघ भारत में

भारत में बाघों की संख्या में निरंतर वृद्धि के साथ-साथ यह भी तथ्य सामने आया है कि दुनिया के लगभग 70% बाघ अब भारत में पाए जाते हैं। यह आंकड़ा भारत को विश्व में बाघों का सबसे बड़ा घर बनाता है।

Tigers: सबसे बड़ा वाइल्डलाइफ सर्वे

भारत में बाघों की सटीक गणना के लिए हर चार साल में एक बड़ा सर्वे किया जाता है। 2018 की बाघ गणना को दुनिया का सबसे बड़ा वाइल्डलाइफ सर्वे माना जाता है।

इस सर्वे में 381,400 वर्ग किमी क्षेत्र को कवर किया गया और करीब 3.5 करोड़ वाइल्डलाइफ तस्वीरें ली गईं। यह सर्वे बाघों की सही संख्या का अनुमान लगाने और उनके आवासों की पहचान करने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम था।

Tigers: बाघों की संख्या

भारत में एक साल से ज्यादा उम्र के कुल 2,461 बाघों की तस्वीरें कैमरों से ली गईं। अनुमान है कि देश में बाघों की कुल संख्या करीब 2,967 है, जो 2,603 से 3,346 के बीच हो सकती है। इसमें से लगभग 83% बाघ ऐसे हैं

जिनकी तस्वीरें कैमरा ट्रैप के जरिए सीधे तौर पर ली गई हैं। कुल बाघों में से 87% की गिनती कैमरा ट्रैप के जरिए “कैप्चर-मार्क-रिकैप्चर” तकनीक से की गई, जबकि बाकी 13% की संख्या का अनुमान सांख्यिकीय मॉडल की मदद से लगाया गया।

इसे भी पढ़ें

वन्यजीवन और पर्यावरण

Share This Article
कोई टिप्पणी नहीं