नई दिल्ली : उच्चतम न्यायालय ने इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) की कार्यप्रणाली के कुछ खास पहलुओं पर बुधवार को निर्वाचन आयोग से स्पष्टीकरण मांगा साथ ही निर्वाचन आयोग के एक शीर्ष अधिकारी को अपराह्न दो बजे तलब किया है।
न्यायमूर्ति संजीव खन्ना और न्यायमूर्ति दीपांकर दत्ता की पीठ ने कहा कि उसे कुछ पहलुओं पर स्पष्टीकरण की आवश्यकता है क्योंकि ईवीएम पर ‘अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्नों’ (एफएक्यू) के बारे में निर्वाचन आयोग ने जो उत्तर दिए हैं उनमें कुछ भ्रम है।
न्यायमूर्ति संजीव खन्ना और न्यायमूर्ति दीपांकर दत्ता की पीठ ने ईवीएम के माध्यम से डाले गए वोटों का पेपर ऑडिट ट्रेल (वीवीपीएटी) के साथ पुन: पूर्ण सत्यापन करने संबंधी अनुरोध वाली याचिकाओं पर अपना फैसला सुरक्षित रखा है।
इसे भी पढ़ें
नये राष्ट्रीय संग्रहालय को लेकर भारत, फ्रांस के अधिकारियों के बीच चर्चा








