पटना। भारी विरोध और आंदोलन के बावजूद सोमवार से बिहार में सक्षमता परीक्षा शुरू हो गई। इस परीक्षा को पास कर बिहार के नियोजित शिक्षक राज्यकर्मी का दर्जा पा सकेंगे।
राज्य कर्मी बनने के लिए नियोजित शिक्षकों को सक्षमता परीक्षा में उत्तीर्ण होना अनिवार्य है। बिहार विद्यालय परीक्षा समिति द्वारा यह परीक्षा ऑनलाइन मोड में ली जा रही है।
बिहार विद्यालय परीक्षा समिति के अनुसार, प्रदेश के 9 जिलों के 52 परीक्षा केंद्रों पर 6 मार्च तक परीक्षा होगी। इस परीक्षा के लिए 2.32 लाख शिक्षकों ने आवेदन किया है।
BSEB के अनुसार प्रतिदिन परीक्षा दो पालियों में होगी। बीएसईबी के अध्यक्ष आनंद किशोर ने परीक्षा के शांतिपूर्ण और कदाचारमुक्त संचालन के लिए सभी 9 जिलों के डीएम, एसपी और डीइओ को आवश्यक निर्देश दिए हैं।
इसके अलावा कंप्यूटर केंद्रों पर सशस्त्र पुलिस बल के साथ पर्याप्त संख्या में स्थाई दंडाधिकारियों की प्रतिनियुक्ति करने का निर्देश भी दिया गया है।
कंप्यूटर केंद्र परिसर में किसी भी पदाधिकारी, कर्मचारी, पर्यवेक्षक या अभ्यर्थी शिक्षक को मोबाइल या कोई भी इलेक्ट्रॉनिक उपकरण लाने पर प्रतिबंध है।
बता दें कि सक्षमता परीक्षा को लेकर नियोजित शिक्षक भारी विरोध कर रहे हैं। दो दिन पहले ही शिक्षकों ने परीक्षा का एडमिट कार्ड जलाकर विरोध प्रदर्शन किया था।
इसे भी पढ़ें
पाकिस्तान ने 1.2 अरब डॉलर की किश्त पाने के लिए आईएमएफ की शर्तें पूरी कीं: अधिकारी
