NSE F&O segment update:
नई दिल्ली, एजेंसियां। भारतीय शेयर बाजार में डेरिवेटिव ट्रेडिंग को लेकर बड़ा अपडेट सामने आया है। National Stock Exchange of India (NSE) ने घोषणा की है कि 1 अप्रैल 2026 से फ्यूचर एंड ऑप्शन (F&O) सेगमेंट में छह नए स्टॉक्स को शामिल किया जाएगा।
इन कंपनियों के शेयरों में अब निवेशक डेरिवेटिव कॉन्ट्रैक्ट के जरिए ट्रेडिंग कर सकेंगे। इस फैसले का उद्देश्य बाजार में लिक्विडिटी बढ़ाना और निवेशकों को अधिक ट्रेडिंग विकल्प उपलब्ध कराना है।
इन 6 कंपनियों के शेयर होंगे शामिल
एनएसई द्वारा जारी जानकारी के अनुसार जिन छह कंपनियों को F&O सेगमेंट में शामिल किया गया है, उनमें प्रमुख रूप से शामिल हैं:
• Adani Power
• Cochin Shipyard
• Hyundai Motor India
• Motilal Oswal Financial Services
• Nippon Life India Asset Management
• Vishal Mega Mart
इन कंपनियों के शेयर पहले कैश मार्केट में ट्रेड होते थे, लेकिन अब इनमें फ्यूचर्स और ऑप्शंस कॉन्ट्रैक्ट के जरिए भी निवेश किया जा सकेगा।
SEBI के नियमों के आधार पर चयन
एनएसई के मुताबिक इन शेयरों का चयन मार्च 2026 के क्वार्टर सिग्मा कंप्यूटेशन साइकिल के तहत किया गया है। यह प्रक्रिया उन स्टॉक्स की पहचान करने के लिए होती है जो डेरिवेटिव ट्रेडिंग के लिए जरूरी शर्तों को पूरा करते हैं।
यह चयन बाजार नियामक Securities and Exchange Board of India (SEBI) द्वारा निर्धारित नियमों और पात्रता मानदंडों के अनुसार किया गया है।
लॉट साइज और स्ट्राइक प्राइस की जानकारी जल्द
एनएसई ने यह भी बताया है कि इन छह स्टॉक्स के मार्केट लॉट और स्ट्राइक प्राइस से जुड़ी जानकारी 30 मार्च 2026 को एक अलग सर्कुलर जारी कर दी जाएगी। इसके बाद निवेशक और ट्रेडर्स इन शेयरों में F&O कॉन्ट्रैक्ट के जरिए ट्रेडिंग शुरू कर सकेंगे।
F&O सेगमेंट में शामिल होने से क्या होगा फायदा
जब किसी कंपनी के शेयर को F&O सेगमेंट में शामिल किया जाता है, तो उसमें ट्रेडिंग वॉल्यूम और निवेशकों की भागीदारी बढ़ जाती है। बड़े संस्थागत निवेशक जैसे म्यूचुअल फंड और विदेशी निवेशक भी ऐसे स्टॉक्स में अधिक सक्रिय हो जाते हैं।
इसके अलावा निवेशकों को बाजार में गिरावट के दौरान भी मुनाफा कमाने का अवसर मिलता है, क्योंकि F&O सेगमेंट में भविष्य की कीमतों पर दांव लगाकर ट्रेडिंग की जा सकती है।









