कटिहार, एजेंसियां: आज बिहार में ट्रेन ड्राइवर की सूझबूझ से बड़ा रेल हादसा टल गया।
कटिहार-मालदा रेलखंड पर बेंगलुरु से गुवाहाटी जा रही गुवाहाटी-बेंगलुरु एक्सप्रेस पलटने से बाल बाल बच गयी।
आदिना और एकलखी स्टेशन के बीच अप लाइन का फिश प्लेट खुला था, लेकिन समय रहते ट्रेन चालक ने ट्रेन रोक दी। इससे बेंगलुरु से गुवाहाटी जा रही सुपर फास्ट एक्सप्रेस ट्रेन बाल-बाल बच गई।
चालक की सूचना पर रेलवे में खलबली मच गई। रेलवे के अधिकारी और अभियंत्रण विभाग के एक विशेष टीम ने सबसे पहले खुले फिश प्लेट ठीक कर दिया।
4 सितंबर को हुई थी ट्रेक की मरम्मत
इसके बाद ट्रेन का परिचालन सुबह 8:38 बजे से लेकर 9 बजकर 13 मिनट तक अप लाइन पर गुवाहाटी जानेवाली ट्रेन संख्या 22511 गुवाहाटी-बेंगलुरु एक्सप्रेस ट्रेन रूकी रही।
अभियंता और अन्य रेल कर्मियों की तत्परता से खुले फिस प्लेट के क्लैंप को ठीक करने के बाद ट्रेन का परिचालन 35 मिनट बाद ट्रेन को रवाना किया गया।
जेई सहित दो की गई नौकरी
इस मामले की जांच के बाद सीनियर डीईएन वन के नेतृत्व में घटित टीम ने जांच में पाया कि 4 सितंबर को थीक बेव एसईजे लगाने के लिए ढ़ाई घंटे का ब्लॉक दिया गया था।
कार्य पूरा होने के बाद कार्यस्थल पर छह जोड़ों की निगरानी के लिए चौकीदार की नियुक्ति की गई थी।
5 सितंबर की सुबह 9 बजे ट्रेन नंबर 22511 के लोको पायलट ने बताया कि एक फिश प्लेट खुली हुई थी।
संबंधित सेक्शन के जेई की ओर से बड़ी सुरक्षा चूक हुई थी, क्योंकि संबंधित जोड़ को ठीक से नहीं कसा गया था। इस कारण से जेई को मुख्य आरोपी बनाया गया है।
रेलवे के सूत्रों की माने तो जांच अधिकारी ने एकलखी सेक्शन के जेई को तत्काल प्रभाव से बर्खास्त कर दिया है। साथ ही एक रेल कर्मी को भी सेवा से बर्खास्त कर दी गई है।
एकलखी सेक्शन के जेई और एक रेल कर्मी के खिलाफ कार्रवाई करने की सूचना के बाद रेलवे इंप्लाइज यूनियन ने नाराजगी व्यक्त की है।
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