कौन था डॉन मुख्तार अंसारी का शूटर अनुज कनौजिया, कैसे पहुंचा झारखंड [Who was don Mukhtar Ansari’s shooter Anuj Kanaujia, how did he reach Jharkhand]

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जमशेदपुर, एजेंसियां। कुख्यात डान अनुज कनौजिया झारखंड के जमशेदपुर में पुलिस एनकाउंटर में मारा गया। उसकी मौत के साथ ही कई सवाल उठ खड़े हुए हैं। अनुज कनौजिया कौन था, वह जमशेदपुर कैसे पहुंचा। क्या झारखंड मृत डॉन मुख्तार अंसारी के शूटरों का पनाहगार बन गया है आदि..आदि।

अनुज के भाई विनोद कनौजिया के अनुसार 2006-07 में उनका पट्टीदारों से झगड़ा हुआ था। बीच में बाबू साहब लोग आ गए। झगड़ा होने पर वे छोटे भाई मनोज के पीछे पड़ गए। एक दिन मनोज को बहुत पीटा और अधमरा कर खेत में फेंक गए। मनोज ने बदला लेने के लिए बाबू साहब के परिवार के एक आदमी का मर्डर कर दिया और भाग गया। कुछ साल फरार रहा। उसके साथ एक लड़का और था, उसने मुखबिरी कर दी।

पुलिस ने मनोज को पकड़ लिया और बाबू साहब लोगों को सौंप दिया। उन लोगों ने उसे इतना मारा कि उसकी मौत हो गई। पुलिस ने मनोज का एनकाउंटर दिखा दिया। इसके बाद बाबू साहब लोग अनुज के पीछे पड़ गए। अनुज ने बाबू साहब के परिवार के शरद सिंह की हत्या कर दी और फरार हो गया। तब वो 17 साल का था। इसके बाद प्रशासन ने उनकाघर तोड़ दिया, सब परेशान रहे। उन्हें अनुज का परिवार होने की वजह से सजा मिलती रही।

मुख्तार अंसारी ने दी थी पनाहः

उधर, गांव से भागकर अनुज मुख्तार अंसारी के पास पहुंच गया। मुख्तार उससे अपने काम कराता और बदले में उसे पुलिस और जेल जाने से बचाता। हालांकि 6-7 महीने में ही अनुज मुख्तार से अलग हो गया था। इधर, झगड़ा बढ़ने के बाद उसके भाई विनोद परिवार के साथ मुंबई चले गए। मामला शांत हो गया, तभी लौटे।

जेल में रहते हुए शादी कीः

अनुज कनौजिया की शादी की कहानी भी फिल्मों जैसी है। उसके भाई विनोद बताया -दुल्लालपुरवा की एक लड़की रीना राय किसी तरह अनुज से मिली थी। कोई लड़का उसे परेशान कर रहा था। उससे छुटकारा पाने के लिए रीना ने अनुज से मदद मांगी। अनुज ने लड़के को फोन कर समझाया, लेकिन वो नहीं माना।

अनुज ने उसे सुधरने के लिए 15 दिन का वक्त भी दिया। लड़का फिर भी नहीं माना, तो उसकी दुकान पर जाकर गोली मार दी। इसके बाद रीना अनुज को पसंद करने लगी। दूसरे समाज की होने के बाद भी परिवार वालों की मर्जी के बिना उसने अनुज से शादी कर ली।
दोनों की शादी पुलिस की कस्टडी में ही हुई। अनुज के जेल जाने के बाद रीना ही उसका काम देख रही थी। मार्च, 2023 में रंगदारी मांगने के मामले में पुलिस ने रीना को झारखंड के रांची से गिरफ्तार किया था। हालांकि, इस वक्त वह जमानत पर है। उसके दो बच्चे भी हैं।

2022 में आजमगढ़ में पुलिस ने घर ध्वस्त किया थाः

आजमगढ़ में अनुज ने तलाब की जमीन पर कब्जा कर घर बनवाया था। इस घर की कुर्की अप्रैल, 2022 में हुई थी। कुर्की के बाद घर बुलडोजर से ध्वस्त कर दिया गया था। आजमगढ़ के तरवा थाना क्षेत्र में 6 फरवरी, 2014 को अनुज ने सड़क निर्माण कर रहे बिहार के मजदूर राम इकबाल की गोली मारकर हत्या कर दी थी।

कैसे पहुंचा जमशेदपुरः

अनुज कनौजिया की बहन की शादी जमशेदपुर में हुई है। उसकी बहन का परिवार जमशेदपुर के छोटा गोविंदपुर में रहता है। पुलिस से बचने के लिए अनुज ने बहन के यहां ही शरण ले रखी थी।

जमशेदपुर में बसने की फिराक में था अनुजः

मुख्तार अंसारी की मौत के बाद ही उसने यूपी छोड़ दिया था। कुछ दिनों पहले ही गाजीपुर पुलिस ने उस पर ढाई लाख रुपये का इनाम घोषित किया था। पुलिस से उसे जोर शोर से तलाश कर रही थी। इधर, अनुज के पिता भी अपनी बेटी के यहां पहुंच गये थे। अनुज जमशेदपुर में ही कोई काम धंधा जमाने की फिराक में था। उसने बहनोई के घर में ही अपना ऑफिस भी बना लिया था। इसी बीच पुलिस को सूचना मिल गई और उसे एनकाउंटर में ढेर कर दिया।

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