JPSC appointment:
रांची। झारखंड हाईकोर्ट में 11वीं JPSC परीक्षा में असफल रहे राजेश प्रसाद सहित अन्य 53 अभ्यर्थियों की याचिका पर सुनवाई हुई। इस दौरान अदालत ने कहा कि नियुक्ति प्रक्रिया हाईकोर्ट के अंतिम आदेश से प्रभावित होगी।
आयोग अगली सुनवाई तक काउंटर एफिडेविट करे दायरः
वहीं कोर्ट ने जेपीएससी की ओर से उपस्थित अधिवक्ता को कहा कि यदि अगली सुनवाई तक आयोग की ओर से काउंटर एफिडेविट दायर नहीं करता है, तो उसे मौका नहीं दिया जाएगा। इस मामले की सुनवाई हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस और जस्टिस राजेश शंकर की खंडपीठ में हुई।
दोबारा आंसर शीट की जांच की मांगः
हाईकोर्ट में जिन अभ्यर्थियों ने याचिका दाखिल की है, वे सभी प्री एग्जाम पास कर गए थे, लेकिन मेंस की परीक्षा में असफल रहे थे। प्रार्थियों ने अपनी याचिका में मेरिट लिस्ट को रद्द करते हुए आंसर शीट की दोबारा जांच की मांग की है। प्रार्थियों की ओर से वरीय अधिवक्ता अजीत कुमार और अधिवक्ता कुमार हर्ष ने बहस की।
370 पदों पर नियुक्ति की प्रक्रिया जारीः
दरअसल पिछले वर्ष JPSC ने विज्ञापन संख्या 1/2024 जारी किया था, जिसकी परीक्षा हो चुकी है और मेरिट लिस्ट भी जारी हो गई है। इस परीक्षा के जरिए 370 पदों पर नियुक्ति होनी है, जिसके लिए इंटरव्यू की प्रक्रिया भी शुरू हो गई है।
इसे भी पढ़ें
जेपीएससी घोटाला में शामिल दो प्रोफेसरों की अग्रिम जमानत याचिका खारिज


















