Kanhaiya Kumar
रांची। पिछले 59 दिनों से लापता 12 वर्षीय कन्हैया कुमार की सकुशल बरामदगी के लिए रांची पुलिस की विशेष जांच टीम (SIT) ने कार्रवाई तेज कर दी है। गुरुवार देर रात से झारखंड समेत देश के सात राज्यों में एक साथ छापेमारी अभियान चलाया जा रहा है। पुलिस का मुख्य फोकस मानव तस्करी से जुड़े नेटवर्क को ध्वस्त करने और लापता बच्चों तक पहुंचने पर है।
झारखंड से लेकर सात राज्यों तक SIT की कार्रवाई
SIT की टीमें झारखंड में रांची जिले के सिल्ली थाना क्षेत्र के टूटकी गांव के अलावा रामगढ़, लोहरदगा, गुमला और पलामू जिलों में लगातार दबिश दे रही हैं। इसके साथ ही बिहार (औरंगाबाद), राजस्थान (जयपुर), महाराष्ट्र (मुंबई), पश्चिम बंगाल और दिल्ली में भी संभावित ठिकानों पर छापेमारी जारी है। पुलिस को आशंका है कि मानव तस्करी का नेटवर्क कई राज्यों में फैला हुआ है।
टूटकी गांव से कई संदिग्ध हिरासत में
सिल्ली थाना क्षेत्र के टूटकी गांव से पुलिस ने पांच से छह गुलगुलिया परिवार के लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की है। प्रारंभिक जांच में इनके संपर्क बाहरी राज्यों में सक्रिय संदिग्धों से होने के संकेत मिले हैं। हिरासत में लिए गए लोगों से मिली जानकारी के आधार पर अन्य ठिकानों पर भी कार्रवाई की जा रही है।
मानव तस्कर गैंग से जुड़ते तार
अब तक की जांच में उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर से संचालित एक मानव तस्कर गिरोह का तार कन्हैया कुमार के अपहरण मामले से जुड़ता नजर आ रहा है। SIT को कुछ अहम तकनीकी और मानवीय इनपुट मिले हैं, जिनके आधार पर अगले चरण की कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।
पुलिस की अपील
रांची पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि यदि कन्हैया कुमार या मानव तस्करी से जुड़ी कोई भी सूचना मिले तो तत्काल नजदीकी थाना या पुलिस कंट्रोल रूम को सूचित करें। पुलिस का दावा है कि जांच सही दिशा में आगे बढ़ रही है और जल्द ही अहम सफलता मिलने की उम्मीद है।

