झारखंड की मांगों पर तवज्जो नहीं, पांच रेल परियोजनाओं की मांग थी, एक भी पूरी नहीं हुई [No attention was paid to the demands of Jharkhand, there was a demand for five railway projects, not a single one was completed]

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रांची। केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 22 जून को राज्यों के वित्त मंत्रियों के साथ दिल्ली में बैठक की थी।

इस प्री-बजट बैठक में झारखंड ने नामकुम-कांड्रा (आदित्यपुर), टोरी-चतरा और गुमला-सिमडेगा-खूंटी सहित पांच रेल परियोजनाओं की मांग रखी थी। इसके अलावा मध्यम व छोटे उद्योगों का जाल बिछाने के लिए विशेष्ज्ञ सहायता की मांग रखी थी।

इस साल खत्म हुए जल-जीवन मिशन की अवधि बढ़ाने का भी आग्रह किया था। इसके अलावा राज्य में पर्यटन विकास की बेहतर संभावना बताते हुए विशेष सहायता मांगी थी।

कोल कंपनियों पर बकाया 1.32 लाख करोड़ और लैंड कंपनसेशन व रॉयल्टी मद में बकाया राशि की मांग दोहराई थी। लेकिन इस बजट में ऐसा कुछ नहीं मिला।

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