Mutation cases pending in Jharkhand:
रांची। रांची सहित पूरे झारखंड में जमीन और फ्लैट के म्यूटेशन को लेकर बड़ी प्रशासनिक समस्या सामने आई है। राज्य के 268 अंचलों में कुल 51,530 म्यूटेशन आवेदन लंबित पड़े हैं। बीते करीब 20 दिनों से म्यूटेशन के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया में तकनीकी बाधा आ रही है, जिससे हजारों लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
जानकारी के अनुसार
जानकारी के अनुसार, जिन जमीनों और फ्लैटों की रजिस्ट्री दो–तीन वर्ष पहले हो चुकी है, उनके म्यूटेशन के लिए ऑनलाइन आवेदन करते ही सिस्टम एरर दिखा रहा है। आवेदन प्रक्रिया बीच में ही रुक जा रही है, जिससे रांची, धनबाद, जमशेदपुर, रामगढ़, खूंटी समेत कई जिलों में लोग अंचल कार्यालयों के चक्कर काटने को मजबूर हैं।
अंचल कर्मियों के मुताबिक
अंचल कर्मियों के मुताबिक, सितंबर 2025 में झारभूमि के डेटा को एनआईसी से जैपआईटी के झारसेवा सर्वर पर माइग्रेट किया गया था। इसके बाद से सर्वर की गति काफी धीमी हो गई है। पहले जहां एक आवेदन की प्रक्रिया में करीब 30 मिनट लगते थे, वहीं अब एक आवेदन में एक घंटे तक का समय लग रहा है। कई मामलों में फाइलें डाउनलोड तक नहीं हो पा रही हैं।झारभूमि सॉफ्टवेयर के अपग्रेड के बाद सेल डीड नंबर का स्वतः सत्यापन निबंधन पोर्टल से किया जा रहा है। डीड नंबर में थोड़ी भी गड़बड़ी होने पर स्क्रीन पर “Something Wrong, Go to Home” का संदेश आ रहा है और आवेदन आगे नहीं बढ़ पा रहा है। इसी वजह से बड़ी संख्या में आवेदन अटक गए हैं।
आंकड़ों के अनुसार
आंकड़ों के अनुसार, रांची जिले में सबसे ज्यादा 13,487 आवेदन लंबित हैं। इसके अलावा जामताड़ा में 6,274, धनबाद में 5,692, गोड्डा में 4,108, बोकारो में 3,005 और पलामू में 2,537 मामले पेंडिंग हैं।सीएससी संचालकों का कहना है कि लगातार तकनीकी त्रुटियों के कारण वे आवेदन जमा नहीं कर पा रहे हैं। विभाग ने बताया है कि लंबित मामलों के निपटारे के लिए सभी जिलों के उपायुक्तों को टास्क दिया गया है और प्रक्रिया में तेजी लाने के निर्देश जारी किए गए हैं।

