IAS Vinay Chaubey: IAS विनय चौबे हजारीबाग जमीन घोटाले में बनाये गये आरोपी

Anjali Kumari
2 Min Read

IAS Vinay Chaubey:

रांची। निलंबित IAS विनय चौबे को हजारीबाग जमीन घोटाले में ACB ने आरोपी बनाया है। विनय चौबे अभी शराब घोटाला मामले में जेल में हैं। हजारीबाग में खासमहल जमीन घोटाला मामले में एसीबी (भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो) ने विनय चौबे को भी अभियुक्त बना दिया है। इस केस में बुधवार को वीडियो कॉन्फ्रेसिंग के जरिए विनय चौबे की हजारीबाग ACB की विशेष कोर्ट में हुई।

ये भी हैं आरोपीः

एसीबी के थाना प्रभारी सौरभ लकड़ा की शिकायत पर यह कार्रवाई की गई है। इससे पहले ACB ने तत्कालीन खासमहल पदाधिकारी विनोद चंद्र झा, बसंती सेठी, उमा सेठी, इंद्रजीत सेठी, राजेश सेठी, विजय प्रताप सिंह और सुजीत कुमार सिंह को आरोपी बना चुकी है।

प्राथमिक जांच में कई चौंकाने वाले खुलासेः

एसीबी ने इस मामले की प्राथमिक जांच (प्रीलिमिनरी इंक्वायरी) पहले ही कर ली थी, जिसमें चौंकाने वाले खुलासे हुए थे। हजारीबाग की लगभग 2.75 एकड़ खासमहल की जमीन 1948 में एक ट्रस्ट को 30 साल के लिए लीज पर दी गई थी।

इस लीज को 1978 में 2008 तक के लिए नवीनीकृत (रिन्यूअल) किया गया था। एसीबी की जांच में पाया गया कि 2008 से 2010 के बीच एक साजिश के तहत इस जमीन को सरकारी बताकर 23 निजी व्यक्तियों को आवंटित कर दिया गया।

जानबूझकर हटाया गया ट्रस्ट सेवायत शब्दः

जांच में पता चला कि लीज के रिन्यूएल के दौरान तत्कालीन खासमहल पदाधिकारी विनोद चंद्र झा ने जानबूझकर ‘ट्रस्ट सेवायत’ शब्द को हटा दिया था। ऐसा इसलिए किया गया, ताकि जमीन को सरकारी दिखाया जा सके और अवैध रूप से उसका हस्तांतरण (ट्रांसफर) किया जा सके।

ट्रस्ट की जमीन हस्तांतरित नहीं हो सकतीः

नियमानुसार, ट्रस्ट की जमीन किसी और को हस्तांतरित नहीं की जा सकती थी, फिर भी ऐसा किया गया। वर्तमान में इस भूमि पर बहुमंजिले व्यावसायिक भवन खड़े हैं, जो अवैध हस्तांतरण का परिणाम हैं।

इसे भी पढ़ें

IAS Vinay Chaubey: निलंबित IAS विनय चौबे पर भ्रष्टाचार के आरोप, ACB जांच में मिली बड़ी अनियमितताएं

Share This Article
कोई टिप्पणी नहीं