Spiritual youth centre Jamshedpur
जमशेदपुर। जमशेदपुर में युवा सशक्तिकरण और आध्यात्मिक शिक्षा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण परियोजना की शुरुआत होने जा रही है। श्री जगन्नाथ आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक चैरिटेबल सेंटर ट्रस्ट द्वारा विकसित किए जा रहे इस भव्य परिसर का भूमि पूजन 26 फरवरी को भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू करेंगी। इस कार्यक्रम को शहर के लिए एक ऐतिहासिक अवसर माना जा रहा है। ट्रस्ट के मैनेजिंग ट्रस्टी और आरएसबी ग्लोबल के वाइस चेयरमैन एस.के. बेहरा ने बताया कि यह परियोजना केवल धार्मिक आस्था का केंद्र नहीं होगी, बल्कि युवाओं के लिए ज्ञान, संस्कृति और आध्यात्मिक शिक्षा का मंच भी बनेगी। कार्यक्रम में कई सामाजिक, शैक्षिक और आध्यात्मिक संगठनों को आमंत्रित किया गया है।
आध्यात्मिक केंद्र बनेगा ज्ञान का स्थल
परियोजना का मुख्य आकर्षण ‘आध्यात्मिक केंद्र’ होगा, जहां छात्र, शोधार्थी और आम लोग आध्यात्मिक विज्ञान तथा भारतीय सांस्कृतिक विरासत का अध्ययन कर सकेंगे। ट्रस्ट की कोर टीम मनोरंजन दास, अबनीश मिश्रा, पीआर दास और श्रीधर प्रधान आयोजन और निर्माण कार्यों की तैयारियों में जुटी हुई है। मुख्य मंदिर के निर्माण में लगभग चार वर्ष लगने का अनुमान है, लेकिन आध्यात्मिक केंद्र को पहले तैयार करने की योजना है ताकि गतिविधियां जल्द शुरू हो सकें।
भव्य श्री जगन्नाथ मंदिर बनेगा प्रमुख तीर्थ
परिसर में लगभग 2.5 एकड़ क्षेत्र में पत्थरों से निर्मित भव्य श्री जगन्नाथ मंदिर का निर्माण किया जाएगा। यह मंदिर झारखंड, बिहार, पश्चिम बंगाल और ओडिशा के श्रद्धालुओं के लिए प्रमुख धार्मिक स्थल के रूप में विकसित होगा और क्षेत्र में धार्मिक पर्यटन को भी बढ़ावा देगा।
सामाजिक सेवा और शिक्षा पर जोर
ट्रस्ट के अनुसार, इस केंद्र के माध्यम से बालिकाओं की शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाओं और परोपकारी गतिविधियों को भी बढ़ावा दिया जाएगा। एस.के. बेहरा ने बताया कि इस परियोजना की नींव तब पड़ी थी जब द्रौपदी मुर्मू झारखंड की राज्यपाल थीं। अब राष्ट्रपति के रूप में उनका भूमि पूजन करना इस पहल को नई पहचान देगा।

















