Lalu Yadav:
रांची। झारखंड हाईकोर्ट ने चारा घोटाले के देवघर ट्रेजरी मामले में बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव समेत तीन दोषियों की सजा बढ़ाने की CBI की याचिका स्वीकार कर ली है। यह फैसला न्यायमूर्ति रंगोन मुखोपाध्याय और अंबुज नाथ की पीठ ने सुनाया।
Lalu Yadav:क्या है मामला ?
यह मामला 1996 में देवघर ट्रेजरी से 89 लाख रुपये की फर्जी निकासी से जुड़ा है। सीबीआई की विशेष अदालत ने इस मामले में 2017 में फैसला सुनाते हुए लालू यादव, बेक जूलियस और सुबीर भट्टाचार्य को साढ़े तीन-तीन साल की सजा सुनाई थी। जबकि एक अन्य आरोपी जगदीश शर्मा को साढ़े सात साल की सजा और 10 लाख रुपये जुर्माना लगाया गया था।
Lalu Yadav:सीबीआई ने दी दलील
सीबीआई ने दलील दी कि लालू प्रसाद ने चारा घोटाले को संरक्षण दिया था, इसलिए उन्हें कम सजा देना न्यायसंगत नहीं है। विशेष अदालत ने अपने फैसले में यह भी स्वीकार किया था कि लालू के संरक्षण में ही यह घोटाला हुआ। सीबीआई ने कुल छह दोषियों की सजा बढ़ाने की अपील की थी, जिनमें से आरके राणा, फूलचंद सिंह और महेश प्रसाद की मृत्यु हो चुकी है। अदालत ने शेष तीन के मामले में सुनवाई कर याचिका स्वीकार कर ली है।
अब हाईकोर्ट के फैसले के बाद इन दोषियों की सजा में बढ़ोतरी तय मानी जा रही है। सीबीआई की यह अपील चारा घोटाले में कड़ी सजा की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।
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