रांची। झारखंड में बांग्लादेशी घुसपैठ का चीन कनेक्शन है, BJP प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी ने बताया कि चीन बांग्लादेश में अस्थिरता पैदा करने के लिए नागरिक और सशस्त्र संघर्ष को बढ़ावा दे रहा है। लेकिन उनकी योजना इससे भी व्यापक है।
चीन का उद्देश्य शेख हसीना सरकार को हटाकर कट्टरपंथी मुस्लिम समूहों, जैसे मुस्लिम ब्रदरहुड, द्वारा नियंत्रित एक कठपुतली सरकार स्थापित करना है।
यह नई सरकार भविष्य में भारत को रणनीतिक रूप से घेरने में चीन का समर्थन करेगी। आरोप लगाया कि चीन की इस रणनीति के कारण झारखंड में बांग्लादेशी घुसपैठ बढ़ रही है।
ममता बनर्जी खुलेआम प्रवासियों को बुला रही
मरांडी ने कहा, इस रणनीति का दूसरा पहलू भारत में लाखों अवैध शरणार्थियों को भेजना है, विशेषकर पश्चिम बंगाल और असम जैसे राज्यों में। जबकि असम में हिमंता बिस्वा शर्मा का मजबूत नेतृत्व इस स्थिति को नियंत्रित करने में मदद कर रहा है, यह चिंता का विषय है कि ममता बनर्जी खुलेआम अवैध प्रवासियों को पश्चिम बंगाल में आमंत्रित कर रही हैं।
मरांडी ने कहा, झारखंड में, इस रणनीति का प्रभाव स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है। यहां कई अवैध बांग्लादेशी प्रवासी बस चुके हैं, जिससे राज्य की जनसांख्यिकी बदल रही है और आदिवासी लोग अपने ही क्षेत्र में अल्पसंख्यक बनते जा रहे हैं।
बांग्लादेश में चीन कर रहा साजिश
बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि सुंत्ज़ु की “आर्ट ऑफ़ वॉर” में यह सलाह दी गई है कि सर्वोत्तम रणनीति यह है कि लड़ाई से बचा जाए और बिना लड़े ही दुश्मन को पराजित किया जाए।
चीन की कम्युनिस्ट सरकार इस विचार का अनुसरण करती है और अपने दुश्मनों को कमजोर करने के लिए सीधी लड़ाई के बजाय अन्य तरीकों का उपयोग करती है। इसी के तहत वो बांग्ला देश में साजिश कर रही है।
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