Jharkhand political action: झारखंड के 7 राजनीतिक दलों के खिलाफ एक्शन

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रांची। झारखंड निर्वाचन आयोग ने चुनाव खर्च का ब्योरा नहीं देने वाले सात पंजीकृत गैर-मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों को नोटिस जारी किया है।

भारत निर्वाचन आयोग के निर्देश पर इन दलों को नोटिस देकर कहा गया है कि वे अपने अस्तित्व एवं कामकाज के संबंध में मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के समक्ष शपथ पत्र एवं आवश्यक साक्ष्यों के साथ अपना पक्ष रखें।

समय पर पक्ष प्राप्त नहीं होने की स्थिति में यह समझा जायेगा कि पार्टी का अस्तित्व समाप्त हो चुका है एवं इस आशय की सूचना भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली को भेज दी जाएगी।

इन दलों को जारी हुआ नोटिसः

रांची के झारखंड की क्रांतिकारी पार्टी, झारखंड पार्टी (सेक्युलर), लोक जन विकास मोर्चा, राष्ट्रीय देशज पार्टी एवं राष्ट्रीय सेंगल पार्टी, पूर्वी सिंहभूम की झारखंड पीपल्स पार्टी एवं चतरा की राष्ट्रीय जनक्रांति मोर्चा।

तीन साल के खर्च का ब्योरा नहीं दियाः

भारत निर्वाचन आयोग द्वारा नामित इन सात पंजीकृत गैर-मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों ने विगत तीन वित्तीय वर्षों (2021-22, 2022-23, 2023-24) का वार्षिक अंकेक्षित खाता संबंधी विवरणी निर्धारित समयावधि में आयोग को समर्पित नहीं किया है।

साथ ही यह भी तथ्य आयोग के संज्ञान में आया है कि उपरोक्त राजनीतिक दलों ने निर्वाचन प्रक्रिया में भाग लिया, लेकिन निर्धारित समय के अंदर अर्थात विधानसभा निर्वाचन के बाद 75 दिन एवं लोकसभा निर्वाचन के बाद 90 दिनों के भीतर अपना व्यय-विवरणी आयोग को समर्पित नहीं किया।

9 और 16 अक्टूबर को सुनवाईः

आयोग ने इसे जन प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 में उपबंधित प्रविधानों के विरुद्ध पाया। इन दलों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई करने के लिए आयोग से प्राप्त निर्देश के आलोक में अध्यक्ष/महासचिव को पार्टी के तरफ से शपथ पत्र सहित लिखित पक्ष मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय भेजने के लिए नौ अक्टूबर एवं 16 अक्टूबर को मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के कार्यालय में पूर्वाह्न 11.00 बजे सुनवाई के लिए तिथि निर्धारित की गई है।

दलों को दी गई सूचनाः

इस आशय की सूचना राजनीतिक दलों को आयोग द्वारा पंजीकृत पत्राचार के पते पर भेजी गई है। साथ ही समाचार पत्रों में आम सूचना के माध्यम से भी प्रकाशित की गई है।

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