Thousands of votes rejected
कोडरमा। झुमरी तिलैया, कोडरमा और डोमचांच निकाय चुनावों में बैलेट पेपर से मतदान होने के कारण बड़ी संख्या में वोटर भ्रमित हो गये और उनके वोट रद्द गये। यहां बड़ी संख्या में वोटरों ने बैलेट पेपर पर मुहर की बजाय अंगूठा लगा दिया है। स्थिति ऐसी है कि प्रत्याशियों को मिले वैध मतों से अधिक संख्या में मत रद हो गए हैं।
यही हाल अध्यक्ष पद की मतगणना में भी देखने को मिल रहा है। मतों के निरस्तीकरण के पीछे मुख्य कारण मतदान के तरीकों को लेकर मतदाताओं की जागरूकता और प्रशिक्षण का अभाव बताई जा रही है। कहा जा रहा है कि कई मतदाताओं ने निर्धारित स्थान पर मुहर लगाने के बजाय अंगूठे का निशान लगा दिया, तो कई ने एक से अधिक स्थानों पर मुहर या अंगूठा अंकित कर दिया। वहीं, कुछ मतपत्रों पर अस्पष्ट निशान भी पाए गए, जिन्हें नियमों के तहत अमान्य घोषित करना पड़ा।
लंबे समय बाद बैलेट पेपर से चुनाव
दरअसल लंबे समय बाद निकाय चुनाव बैलेट पेपर से कराए गए हैं। पिछले कई वर्षों से मतदाता ईवीएम मशीन के जरिए मतदान करने के अभ्यस्त हो चुके थे। ऐसे में पारंपरिक मतपत्र प्रणाली को लेकर पर्याप्त जागरूकता और प्रशिक्षण का अभाव सामने आया है।
प्रत्याशियों का बिग़ड़ सकता है गणित
विशेषज्ञों का मानना है कि रद मतों की संख्या अधिक होने से किसी प्रत्याशी का गणित बिगड़ सकती है। ऐसे में वास्तविक जनादेश पर भी असर डाल सकती है। बहरहाल, अब सबकी नजर अंतिम परिणाम पर टिकी हुई है।








