Jharkhand Budget 2026-27
रांची। झारखंड में पेश होने जा रहे बजट 2026-27 में विकास और आमजन की जरूरतों पर खास फोकस रखा गया है। हेमंत सोरेन सरकार ने इंफ्रास्ट्रक्चर, स्वास्थ्य, शिक्षा और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को प्राथमिकता देने का संकेत दिया है। इस बजट में गांवों तक विकास की रफ्तार तेज करने के लिए कई अहम घोषणाएं प्रस्तावित हैं।
इंफ्रास्ट्रक्चर को मिलेगा बल
राज्य में सड़कों, फ्लाईओवर और अन्य बुनियादी ढांचे को मजबूत करने की योजना है। सरकार का लक्ष्य शहरी क्षेत्रों के साथ-साथ ग्रामीण इलाकों में भी बुनियादी सुविधाओं का विस्तार करना है, ताकि विकास का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंच सके।
स्वास्थ्य सुविधाओं में बड़ा सुधार
बजट में स्वास्थ्य क्षेत्र को विशेष प्राथमिकता दी गई है। सभी मेडिकल कॉलेजों में कैंसर जांच के लिए पेट स्कैन सेंटर स्थापित किए जाएंगे। जिला अस्पतालों में मेमोग्राफी जैसी आधुनिक जांच सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी, जिससे गंभीर बीमारियों की समय रहते पहचान संभव हो सके।
शिक्षा के क्षेत्र में नई पहल
राज्य में नए विश्वविद्यालय, जनजातीय मेडिकल कॉलेज, स्पोर्ट्स विश्वविद्यालय और आयुष कॉलेज की स्थापना पर जोर दिया जाएगा। इसका उद्देश्य प्रदेश के युवाओं को उच्च शिक्षा और विशेषज्ञता के बेहतर अवसर प्रदान करना है।
जल संरक्षण, वनवासी और सिंचाई पर फोकस
सरकार बड़े प्रोजेक्ट्स के बजाय छोटे और व्यवहारिक योजनाओं को प्राथमिकता देगी। जल संरक्षण, वनवासी क्षेत्रों के विकास और सिंचाई सुविधाओं के विस्तार से हर प्रखंड और गांव में विकास की गति बढ़ाने की तैयारी है।
हर प्रखंड में खुलेगा ‘पलाश मार्ट’
ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती देने के लिए राज्य के सभी प्रखंडों में “पलाश मार्ट” खोलने की योजना है। इन मार्ट के माध्यम से स्थानीय कारीगरों, स्वयं सहायता समूहों और ग्रामीण उत्पादकों को सीधे बाजार उपलब्ध कराया जाएगा। इससे उनकी आय बढ़ेगी और स्थानीय उत्पादों को नई पहचान मिलेगी।








