Jharkhand budget 2026
रांची। झारखंड के वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने वित्तीय वर्ष 2026-27 का वार्षिक बजट विधानसभा में पेश करते हुए राज्य के समग्र विकास का रोडमैप रखा। 1 लाख 58 हजार 560 करोड़ रुपये के इस बजट में बुनियादी ढांचा, कृषि, स्वास्थ्य, शिक्षा, पर्यटन और सामाजिक सुरक्षा को विकास का प्रमुख इंजन बताया गया है। सरकार ने इसे “विकास, निवेश और सामाजिक न्याय का संतुलित दस्तावेज” करार दिया है।
बजट का आकार और वित्तीय प्रबंधन
वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए सकल बजट अनुमान पिछले वर्ष की तुलना में करीब 9 प्रतिशत अधिक है। राजस्व व्यय के लिए 1.20 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा और पूंजीगत व्यय के लिए 37,708 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। राजकोषीय घाटा 13,595.96 करोड़ रुपये रहने का अनुमान है, जो राज्य के GSDP का 2.18 प्रतिशत है।राजस्व जुटाने के लिए अपने कर राजस्व से 46,000 करोड़, गैर-कर राजस्व से 20,700 करोड़, केंद्रीय सहायता से 18,273.66 करोड़, केंद्रीय करों में हिस्सेदारी से 51,236.38 करोड़, लोक ऋण से 22,049.96 करोड़ और उधार व अग्रिम की वसूली से 300 करोड़ रुपये मिलने का अनुमान है।
GSDP दोगुना करने का लक्ष्य
सरकार ने अगले पांच वर्षों में राज्य की अर्थव्यवस्था दोगुनी करने का लक्ष्य रखा है। कृषि, उद्योग, आधारभूत संरचना, स्वास्थ्य, शिक्षा और कौशल विकास पर विशेष फोकस रहेगा। संसाधनों के बेहतर उपयोग और बाहरी चुनौतियों के बावजूद 14 प्रतिशत की लक्षित विकास दर हासिल करने की योजना है।
कृषि, शिक्षा और स्वास्थ्य पर जोर
‘महिला किसान खुशहाली योजना’ के तहत महिला किसानों को आधुनिक तकनीक और बाजार से जोड़ा जाएगा। नकदी फसलों, कोल्ड स्टोरेज और लघु वन उत्पादों के विकास से ग्रामीण आय बढ़ाने का प्रयास होगा।
शिक्षा क्षेत्र में सभी सरकारी पॉलिटेक्निक संस्थानों को Jharkhand Institute of Technology के रूप में विकसित करने, चतरा में डॉ. भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय की स्थापना और चयनित ITI में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस प्रशिक्षण की घोषणा की गई है।स्वास्थ्य सेवाओं के तहत मेडिकल कॉलेजों में PET-CT, कैथलैब और जिला अस्पतालों में मैमोग्राफी मशीनें लगेंगी। 750 ‘अबुआ दवाखानों’ के जरिए सस्ती दवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।
निवेश, पर्यटन और सामाजिक सुरक्षा
पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए ग्लास ब्रिज, रोपवे, स्काइवॉक और फ्लोटिंग रेस्टोरेंट जैसी परियोजनाएं प्रस्तावित हैं। सरकार के अनुसार World Economic Forum के मंच से 1.24 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव मिले हैं, जिससे 45 हजार रोजगार सृजित होने की संभावना है।आउटकम बजट के तहत बाल बजट और जेंडर बजट भी पेश किया गया है, जिसमें बच्चों के लिए 10.7 प्रतिशत और महिलाओं के लिए 34 हजार करोड़ रुपये से अधिक का प्रावधान किया गया है।








