Jairam Mahto
रांची। रांची में चल रहे विधानसभा सत्र के दौरान छात्रों की छात्रवृत्ति का मुद्दा जोरदार तरीके से उठाया गया। डुमरी से विधायक जयराम महतो ने सदन में खड़े होकर हजारों छत्रों की परेशानी को सामने रखा। उन्होंने सरकार से सीधा सवाल किया कि आखिर पोस्ट-मैट्रिक और उच्च शिक्षा प्राप्त कर रहे विद्यार्थियों को अब तक छात्रवृत्ति की राशि क्यों नहीं मिल पाई है।
जयराम महतो ने कहा
जयराम महतो ने कहा कि राज्य के कई छात्र आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों से आते हैं और उनकी पढ़ाई काफी हद तक छात्रवृत्ति पर निर्भर करती है। कॉलेज फीस, परीक्षा शुल्क, हॉस्टल खर्च और अन्य शैक्षणिक जरूरतों को पूरा करने में यह राशि अहम भूमिका निभाती है। भुगतान में देरी के कारण छात्रों को न सिर्फ आर्थिक दबाव झेलना पड़ रहा है, बल्कि उनकी पढ़ाई भी प्रभावित हो रही है।
मंत्री ने केंद्र सरकार का किया जिक्र
विधायक के सवाल का जवाब देते हुए संबंधित मंत्री ने स्पष्ट किया कि यह मामला केवल राज्य सरकार के स्तर तक सीमित नहीं है। उन्होंने बताया कि पोस्ट-मैट्रिक छात्रवृत्ति योजना में केंद्र और राज्य दोनों का वित्तीय योगदान होता है। केंद्र सरकार की ओर से मिलने वाली राशि और कुछ तकनीकी प्रक्रियाओं के कारण भुगतान में देरी हुई है।मंत्री ने यह भी कहा कि कक्षा 1 से 8वीं तक के छात्रों की छात्रवृत्ति समय पर दी जा रही है और उसमें किसी प्रकार की बाधा नहीं है। समस्या मुख्य रूप से मैट्रिक और पोस्ट-मैट्रिक स्तर के छात्रों के भुगतान को लेकर है।
उच्च शिक्षा के छात्रों की बढ़ी चिंता
सदन में चर्चा के दौरान यह बात सामने आई कि मैट्रिक और पोस्ट-मैट्रिक छात्रों की संख्या काफी अधिक है और इनमें से कई छात्र आर्थिक रूप से पिछड़े वर्गों से आते हैं। ऐसे में छात्रवृत्ति की देरी उनके लिए गंभीर समस्या बन गई है।मंत्री ने भरोसा दिलाया कि जैसे ही केंद्र सरकार से आवश्यक राशि जारी होगी, राज्य सरकार नियमानुसार भुगतान की प्रक्रिया पूरी करेगी। उन्होंने कहा कि सरकार छात्रों के हितों के प्रति गंभीर है और जल्द समाधान निकालने की कोशिश की जा रही है।
इस मुद्दे के उठने के बाद उम्मीद जताई जा रही है कि छात्रवृत्ति भुगतान की प्रक्रिया में तेजी आएगी और छात्रों को जल्द राहत मिलेगी।






