Healthy Juices: हेल्दी माने जाने वाले जूस आपकी सेहत को कैसे पहुंचा सकते हैं नुकसान ? जानिए पूरी रिपोर्ट

4 Min Read

Healthy Juices:

नई दिल्ली, एजेंसियां। आज की तेज़-तर्रार और फिटनेस-फोकस्ड लाइफस्टाइल में लोग अक्सर अपनी डाइट में जूस और स्मूदीज़ को शामिल करते हैं। सुबह की शुरुआत ग्रीन जूस से होती है, बीच में एनर्जी के लिए स्मूदी पी जाती है और शाम को डिटॉक्स के नाम पर पैकेज्ड फ्रूट जूस का सेवन किया जाता है। लेकिन हालिया हेल्थ रिपोर्ट्स और न्यूट्रिशन एक्सपर्ट्स की मानें, तो यह आदत आपकी सेहत के लिए उतनी फायदेमंद नहीं है, जितनी मानी जाती है।

पैकेज्ड फ्रूट जूस: शुगर और प्रिज़र्वेटिव्स से भरा:

बाजार में मिलने वाले पैकेज्ड फ्रूट जूस में फ्रूट्स से ज्यादा शुगर, फ्लेवरिंग एजेंट और प्रिज़र्वेटिव्स होते हैं। ये डायबिटीज़, मोटापा, ब्लड प्रेशर और हार्ट डिजीज का रिस्क बढ़ा सकते हैं। इनमें फाइबर नहीं होता, जिससे शरीर को असली पोषण नहीं मिल पाता।

स्मूदीज़: कैलोरी बम बन सकते हैं:

हालांकि स्मूदीज़ को हेल्दी माना जाता है, लेकिन इनमें अगर शहद, फ्लेवर सिरप, शुगर या हाई-फैट डेयरी मिलाई जाए, तो ये वजन तेजी से बढ़ा सकती हैं। स्मूदी में अगर फाइबर की मात्रा कम और शुगर अधिक हो, तो यह हेल्थ डिंक्स के बजाय कैलोरी ओवरलोड बन जाता है।

Healthy Juices:

ग्रीन जूस: न्यूट्रिएंट डेफिशियेंसी का कारण:

डिटॉक्स के लिए इस्तेमाल होने वाले ग्रीन जूस में कई बार एक ही तरह की सब्जियों या फलों का अधिक उपयोग होता है। लंबे समय तक रोजाना इसका सेवन करने से शरीर में ज़रूरी पोषक तत्वों की कमी और पाचन संबंधी समस्याएं हो सकती हैं। ऑक्सालेट की अधिकता से किडनी पर भी असर पड़ सकता है।

बीटरूट जूस: सीमित मात्रा में ही फायदेमंद:

चुकंदर का जूस ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करने में मदद करता है, लेकिन ज्यादा मात्रा में इसका सेवन लो ब्लड प्रेशर और किडनी स्टोन का खतरा बढ़ा सकता है।

गाजर का जूस: लिवर पर दबाव
गाजर विटामिन A से भरपूर होती है, लेकिन रोजाना अत्यधिक मात्रा में गाजर का जूस पीने से शरीर में बीटा-कैरोटीन की मात्रा ज्यादा हो जाती है। इससे स्किन पीली पड़ सकती है और लिवर पर दबाव बनता है।

पाइनएप्पल जूस: एसिडिटी और दांतों को नुकसान
अनानास के जूस में नैचुरल एसिड की मात्रा अधिक होती है। ज्यादा सेवन से पेट में जलन, एसिडिटी और दांतों के इनैमल को नुकसान पहुंच सकता है।

मैंगो शेक और जूस: हाई शुगर कंटेंट
मैंगो शेक में आम की नैचुरल शुगर और दूध की कैलोरी मिलकर इसे हेल्दी के बजाय मोटापा और डायबिटीज़ का कारण बना सकते हैं, खासकर अगर आप इसे नियमित रूप से लेते हैं।

जूस और स्मूदीज़ तब तक फायदेमंद हैं, जब तक उन्हें सीमित मात्रा में और संतुलित पोषण के साथ लिया जाए। ताज़े फल और सब्जियों को सीधे खाना, जूस के मुकाबले ज्यादा फायदेमंद माना जाता है, क्योंकि इसमें फाइबर और ज़रूरी पोषक तत्व अधिक मात्रा में मिलते हैं।तो अगली बार जब आप हेल्दी लाइफस्टाइल के नाम पर कोई जूस या स्मूदी हाथ में लें, तो उसका लेबल और सामग्री ज़रूर पढ़ें क्योंकि हर चमकने वाली चीज़ सोना नहीं होती।

इसे भी पढ़ें

Health Tips: कहीं आपकी किडनी तो नहीं बिगड़ रही? जानें 6 संकेत


Share This Article
कोई टिप्पणी नहीं