Anant Vijay Joshi:
लखनऊ, एजेंसियां। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के जीवन पर आधारित फिल्म ‘अजेय: द अनटोल्ड स्टोरी ऑफ ए योगी’ शुक्रवार, 19 सितंबर को सिनेमाघरों में रिलीज हो गई। रिलीज से पहले फिल्म सेंसर बोर्ड (सीबीएफसी) की आपत्तियों और कानूनी विवादों में फंसी रही थी, लेकिन बॉम्बे हाईकोर्ट के आदेश के बाद आखिरकार इसका रास्ता साफ हुआ।
सोशल मीडिया पर मिली मिलीजुली प्रतिक्रिया
फिल्म रिलीज होते ही सोशल मीडिया पर दर्शकों की प्रतिक्रियाएं सामने आने लगीं। एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर कई यूजर्स ने ‘अजेय’ को प्रेरणादायी और प्रभावशाली करार दिया। एक यूजर ने लिखा – वह फिल्म आ गई जिसने दिलों में आग जला दी। एक साधु से मुख्यमंत्री तक की तपस्या और संघर्ष की कहानी दिल छू लेने वाली है।” वहीं, दूसरे यूजर ने फिल्म का पोस्टर शेयर करते हुए इसे “सच्चाई और सरकार के गर्व की प्रतीक” बताया।
तमिलनाडु में विरोध और खाड़ी देशों में बैन
जहां उत्तर भारत में दर्शक फिल्म की तारीफ कर रहे हैं, वहीं तमिलनाडु में विरोध देखा जा रहा है। सोशल मीडिया पर यह भी दावा किया जा रहा है कि फिल्म को कतर और सऊदी अरब में बैन कर दिया गया है। एक यूजर ने लिखा – “इस्लामिक देशों का विरोध समझ आता है, लेकिन तमिलनाडु में विरोध क्यों? जब पूरे भारत में साउथ की फिल्मों को सराहा जाता है, तो वहां से भी उम्मीद करनी चाहिए।”
स्टार कास्ट और कहानी
फिल्म में अनंत विजय जोशी ने सीएम योगी आदित्यनाथ का किरदार निभाया है। उनके साथ दिनेश लाल यादव ‘निर्मोही’, परेश रावल, अजय मेंगी, पवन मल्होत्रा, राजेश खट्टर, गरिमा विक्रांत सिंह और सरवर आहूजा नजर आते हैं। फिल्म शांतनु गुप्ता की किताब ‘द मॉन्क हू बिकेम चीफ मिनिस्टर’ पर आधारित है और निर्देशन रविंद्र गौतम ने किया है। इसमें दिखाया गया है कि कैसे एक साधु ने समाजसेवा और संघर्ष के बल पर मुख्यमंत्री की कुर्सी हासिल की।
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